इटावा। बसरेहर विकास खंड क्षेत्र के नगला हीरालाल के पास स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय आश्रम पद्धति स्कूल के छात्रों ने सोमवार को स्कूल गेट के बाहर और कलक्ट्रेट में प्रदर्शन पर नारेबाजी करके कुछ शिक्षकों पर बदसलूकी करने, गंदे तरीके से खाना बनाकर देने समेत कई आरोप लगाए थे।
डीएम श्रुति सिंह के निर्देश पर जांच एसडीएम सैफई ज्योत्सना बंधु व जिला समाज कल्याण अधिकारी रवींद्र कुमार शशी ने की। प्रारंभिक जांच के बाद जिला समाज कल्याण अधिकारी ने गणित और अंग्रेजी के शिक्षक को पढ़ाई के काम पर लापरवाही बरतने के आरोप में नोटिस देकर जवाब तलब किया है।
साथ की स्कूल की व्यवस्थाओं को ठीक करने के निर्देश स्कूल के प्रिंसिपल व शिक्षकों को दिए गए हैं। जिला समाज कल्याण अधिकारी ने बताया कि एसडीएम सैफई व उन्होंने सोमवार रात राजकीय आश्रम पद्धति स्कूल जाकर छात्रों के आरोपों की जांच की।
शिक्षकों पर बदसलूकी करने के आरोप सही नहीं मिले। शिक्षकों के समय से कक्षा में जाकर पढ़ाने के मामले में गणित व अंग्रेजी की शिक्षकों की लापरवाही सामने आई है।
बताया कि दोनों शिक्षकों को नोटिस जारी कर 15 दिन में जवाब मांगा गया है। जवाब संतोषजनक न होने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। स्कूल में गंदे तरीके से खाना बनाए जाने, साफ सफाई न होने व अन्य शिकायतें कुछ हद तक सही पाई गई हैं।
स्कूल के प्रिंसिपल व शिक्षकों को समय से पढ़ाने और अन्य व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए हैं। आगे भी एसडीएम व वह खुद स्कूल का समय-समय मुआयना करेंगे, ताकि व्यवस्थाओं को बेहतर बनाया जा सके।
मोबाइल पकड़े जाने से नाराज थे कुछ छात्र
पढ़ाई के वक्त और हास्टल में छात्रों के मोबाइल रखने पर प्रतिबंध है। स्कूल के शिक्षकों को जानकारी मिली थी कि कुछ छात्रों के पास मोबाइल है। छात्र देर रात मोबाइल में गाने बजाकर हंगामा करते हैं।
शिकायत की सत्यता परखने के लिए रविवार को स्कूल प्रबंधन ने हास्टलों की चेकिंग की। इस दौरान पांच छात्रों के पास मोबाइल्र बरामद हुए। स्कूल प्रबंधन ने इन मोबाइलों को कब्जे में लेने के साथ आरोपी छात्रों के परिजनों की मामले की जानकारी देकर स्कूल बुलाया।
इससे कुछ छात्र परेशान हो गए और उन्हीं छात्रों ने दूसरे छात्रों को भड़का दिया। इन्हीं छात्रों ने सोमवार को प्रदर्शन व नारेबाजी की थी।