इटावा। इटावा महोत्सव के पंडाल में सोमवार को आयोजित हुआ दिव्यांगजन सम्मेलन अव्यवस्थाओं की भेंट चढ़ गया। इसको लेकर दिव्यांगजनों में भी काफी नाराजगी देखने को मिली। शुभारंभ जिलाधिकारी की अनुपस्थिति में सीडीओ संतोष कुमार राय ने सरस्वती मां की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलित करके किया।
उन्होंने कहा कि उन्हें इमरजेंसी में भेजा गया। पहले से जानकारी नहीं थी। हालांकि कार्यक्रम में आकर खुद को सौभाग्यशाली मान रहे हैं कि दिव्यांगों के बीच में बैठकर उनकी समस्याओं को सुना। अव्यवस्थाओं को लेकर उन्होंने न सिर्फ नाराजगी जताई, बल्कि महोत्सव समिति के जनरल सेक्रेटरी को निर्देशित करने की बात कही। एसडीएम/जनरल सेक्रेटरी राजेश कुमार वर्मा भी पूरे कार्यक्रम में नजर नहीं आए। इस दौरान जिला विकलांग एसोसिएशन की ओर से प्रधानमंत्री को संबोधित 18 सूत्री मांग पत्र सौंपा गया।
मुख्य अतिथि व सदर विधायक सरिता भदौरिया कार्यक्रम शुरू होने के बाद पहुंची। उन्होंने दिव्यांगों से कहा हाथ-पैर में दिक्कत होते हुए भी इच्छा शक्ति प्रबल होती है। वह शरीर से नहीं हौसलों से समाज को झुकाने का कार्य करें। कहा कि सरकार उपकरण भी प्रदान कर रही है। सदर विधायक ने दिव्यांगों के कार्यालय को जरूरत पड़ने पर सहयोग करने का आश्वासन दिया। मुख्य वक्ता एम्स के पूर्व मनोवैज्ञानिक डॉ.रामतीर्थ अग्रवाल उपस्थित रहे। उन्होंने भी अव्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन को काफी खरी-खोटी सुनाई।
कार्यक्रम में दिव्यांगजन सशक्तिकरण अधिकारी प्रशांत कुमार सिंह, जिला विकलांग एसोसिएशन के संरक्षक ओमप्रकाश गुप्ता, हीरालाल वर्मा, जिलाध्यक्ष अशोक कुमार जाटव, उपाध्यक्ष नरेश प्रताप सिंह धनगर एडवोकेट, मंत्री संतोष कुमार त्रिवेदी, उपमंत्री जयप्रकाश तिवारी, चंद्रशेखर प्रजापति, सीमा मिश्रा, संजय सिंह एडवोकेट के अलावा समाजसेवी खादिम अब्बास आदि उपस्थित रहे।
दिव्यांगता भी चित्रकला का शौक नहीं रोक सकी
दिव्यांग सम्मेलन में मैनपुरी से भाग लेने आई 21 वर्षीय मंचिता शाक्य ने जब धार्मिक गीत सुनाया तो लोगों ने बालिका की तालियां बजाकर सराहना की। पूरे शरीर से लाचार मंचिता बीएससी फाइनल वर्ष की छात्रा है। छात्रा के गले में न सिर्फ मिठास भरी है, बल्कि हाथ में वो जादू है जो स्कैच से चित्र बनाने में महारथ हासिल है।
डॉक्टरों की टीम ने बनाए दिव्यांगों के प्रमाण पत्र
दिव्यांग सम्मेलन के दौरान स्वास्थ्य विभाग की ओर से दिव्यांगता प्रमाण पत्र बनाए जाने के लिए शिविर लगाया गया। जिसमें डिप्टी सीएमओ व विकलांग नोडल अधिकारी डॉ.प्रदीप कुमार, हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ.विष्णु मेहरोत्रा, नेत्ररोग विशेषज्ञ डॉ.जयदेश यादव, नाक,कान व गला रोग विशेषज्ञ डॉ.सुशील कुमार ने दिव्यांगों का परीक्षण किया। स्वास्थ्य विभाग की ओर से सुनील कुमार व देवेंद्र सिंह थापा ने सेवाएं प्रदान कीं।
नि:शुल्क प्रशिक्षण शिविर के प्रति किया जागरूक
रोजगार मंत्रालय के अधीन रोजगार महानिदेशालय की ओर से दिव्यांगों को दिए जाने वाले नि:शुल्क प्रशिक्षण शिविर की जानकारी दी गई। इनमें रेडियो एवं टीवी, कढ़ाई सिलाई, ड्रेस मेकिंग हौजरी, टंकण एवं आशुलिपि, कारपेंटरी, इलेक्ट्रिकल व इलेक्ट्रॉनिक्स, फिटर व कंप्यूटर का प्रशिक्षण शामिल है। कैरियर असिस्टेंट मनोज कांत पांडे ने बताया प्रशिक्षण के दौरान दिव्यांगों को ढाई हजार रुपये की छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है। शिविर में कटिंग टेलरिंग अनुदेशक अंजू बाला व फील्ड असिस्टेंट आनंद प्रकाश विश्वकर्मा उपस्थित रहे।
स्टेज पर आराम फरमाता कुत्ता
कार्यक्रम के दौरान अव्यवस्था किस तरह से व्याप्त रही, इसका उदाहरण पंडाल में चल रहे दिव्यांग सम्मेलन के दौरान मंच पर ऊंचे स्थान पर एक कुत्ता बड़े आराम से लेटा हुआ था। कुछ देर बाद जब लोगों की नजर पड़ी तब उसे भगाया गया।
कार्यक्रमों की सूची न बंटने से लोग परेशान
इटावा महोत्सव का कार्यक्रम भी शुरू हो गया लेकिन अभी तक कार्यक्रमों की सूची छपकर न आने से लोगों को कुछ भी पता नहीं चल पा रहा है। इससे लोग परेशान हैं। हालांकि पूर्व में महोत्सव का शुभारंभ होने के दौरान ही पंडाल में अतिथियों को कार्यक्रमों की सूची वितरित की जाती थी। जिन्हें नहीं मिल पाती थी, वह प्रदर्शनी कार्यालय से कार्यक्रम सूची ले जाते थे।