इटावा। बिजली विभाग के अधीक्षण अभियंता कार्यालय पर मांगों को लेकर बृहस्पतिवार से आंदोलन कर रहे संविदा कर्मियों का जोश शुक्रवार को तीसरे पहर उस समय बढ़ गया, जब सांसद डॉ. राम शंकर कठेरिया उनके बीच पहुंचे और समस्याएं को सुनने के बाद मांग पत्र लेकर उसे सीएम के पास पहुंचा कर समस्या का समाधान कराने का आश्वासन दिया।
इस दौरान भरथना विधायक सावित्री कठेरिया भी थीं। धरना स्थल पर पहुंचे सांसद को कर्मचारियों ने ज्ञापन सांसद सौंपते हुए समस्याएं बताई। इस पर सांसद कठेरिया ने कहा कि वह उनकी समस्याएं सरकार तक पहुंचाएंगे और समस्याओं के निदान का प्रयास करेंगे।
धरना शुक्रवार की सुबह से फिर शुरू हो गया। उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन निविदा संविदा कर्मचारी संघ के आह्वान पर बिजली विभाग में संविदा पर कार्यरत कर्मचारी हड़ताल पर हैं।
आंदोलनरत कर्मचारियों ने शुक्रवार को दूसरे दिन भी जिला मुख्यालय पर अधीक्षण अभियंता कार्यालय में धरना दिया। आंदोलन कर्मचारियों का कहना है कि उनकी मांगें लंबित हैं और कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। आंदोलन के बावजूद उनकी मांगों की सुनवाई नहीं हो रही है।
बिजली कर्मियों की मांगों में न्यूनतम मजदूरी के रूप में 18000 रुपये प्रतिमाह देना प्रमुख रूप से शामिल है। साथ ही इन कर्मियों ने उन्हें भी विभाग में समायोजित कर के समान वेतन देने की मांग शामिल है।
कर्मियों का कहना है कि उनके ईपीएफ तथा ईएसआई में घोटाला हुआ है इसकी जांच की जाए और दोषियों को दंडित किया जाए। आउटसोर्सिंग कर्मियों की मांग है कि दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाते हुए घायल कर्मचारी का पूर्ण उपचार कराया जाए और उस अवधि का वेतन भी दिया जाए।
कर्मियों ने आउटसोर्सिंग कर्मियों के हित में दुर्घटना लाभ देने की मांग भी की है। आउटसोर्सिंग कर्मियों के लिए पेट्रोल व मोबाइल भत्ता भी मांगा गया है। इस मौके पर जिलाध्यक्ष विनय सक्सेना, इंद्रपाल शाक्य, सुंदर सिंह, अमित कुमार, सुनील कुमार, चंद्रशेखर शिव किशोर, चरण सिंह शामिल रहे।