इटावा। बसरेहर विकासखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत अहिलादपुर के पास नगला हरनरायण व ग्राम पंचायत बीना में बंद गोशालाओं को मंगलवार को खोल दिया गया। इन गोशालाओं को पिछले दिनों किन्हीं कारणों से बंद कर दिया गया था।
इन दोनों गोशालाओं के दोबारा संचालित होने से सड़क में घूम रहे अन्ना मवेशियों को गोशाला में संरक्षण मिल सकेगा। ग्राम पंचायत अहिलादपुर में गोशाला का निर्माण होने के बाद करीब छह महीने तक गोवंशों को यहां रखा गया था।
गोशाला में सही तरीके से देखभाल न होने पर गोवंशों की हालात बिगड़ने लगी थी। इस पर ग्रामीणों ने गोशाला की बाउंड्री के पाइप तोड़कर कुछ गोवंश को भी भगा दिया था, जबकि कई गोवंशों की मौत हो गई थी।
इसी के चलते गोशाला को बंद करा दिया गया था। यहां के गोवंशों को परौली रमायन गोशाला में शिफ्ट किया गया था। दूसरी गोशाला ग्राम बीना के पास बनी थी, लेकिन यह शुरू नहीं हो सकी थी।
मंगलवार को इन दोनों गोशालाओं को शुरू कर दिया गया। दोनों गोशालाओं में सड़क पर घूम रहे अन्ना गोवंशों को पकड़ कर लाया गया। यहां सभी को रखा गया है।
जिला पशु चिकित्साधिकारी डॉ. विनीत कुमार पांडेय ने बताया कि बसरेहर ब्लॉक क्षेत्र में दो गोशालाओं को चालू कराया गया है। दो और गोशाला जल्द ही बनकर तैयार हो जाएंगी।
इसके बाद इन्हें भी शुरू कराया जाएगा, ताकि अन्ना गोवंशों से होने वाले हादसों व किसानों की फसल को होने से नुकसान को रोका जा सके। वह बीच-बीच में गोशालाओं का मौके पर जाकर जायजा लेते रहते हैं।