एटा। सोमवार को छह घंटे की बारिश से जहां पूरे दिन शहर में जलभराव के हालात रहे। वहीं बारिश बंद होने के बाद मंगलवार को भी हालात बदतर रहे। सड़कों-गलियों में भरा हुआ पानी तो निकल गया, लेकिन कीचड़ और दलदल जैसे हालात थे। जिन क्षेत्रों में सीवर प्रोजेक्ट का कार्य हो रहा है, वहां मुसीबत ज्यादा दिखी। कई जगह गलियां खोखली हो गई हैं। जिनसे गुजरना खतरनाक हो गया है। कीचड़ होने की वजह से लोगों को किनारे पर नालियों की दीवारों पर चढ़कर निकलना पड़ा।
श्याम विहार कॉलोनी में 20 जुलाई को हुई झमाझम बारिश से पूरा मोहल्ला डूब गया था। वहीं सोमवार को हुई बारिश के बाद यहां पर दलदल जैसे हालात बन गए हैं। लोगों का निकलना मुश्किल हो रहा है। घर के दरवाजे तक पानी भरा हुआ है। लोग प्लॉटों के किनारे बनाई गई दीवारों पर चढ़कर निकलने को मजबूर हैं। वहीं दोपहिया वाहन भी नहीं निकाल पा रहे हैं।
वर्मा नगर की कई गलियों में पानी भरा हुआ है। ट्रैक्टर आदि निकलने से यहां पर हालात नारकीय हो गए हैं। कीचड़ अधिक होने की वजह से फिसलन हो गई है। वहीं सीवर लाइन खोदाई होने के बाद यहां पर गलियां खुदी पड़ी हैं, जिसकी वजह से दलदल जैसी स्थिति है। लोग घरों से नहीं निकल पा रहे हैं।
सोमवार को छह घंटे हुए बारिश के बाद संजय नगर में भी पानी भर गया है। गलियां पानी में डूब गई हैं। लोगों को घर से निकलना मुश्किल हो गया है। नगर पालिका की ओर से अभी तक कोई बंदोबस्त नहीं किया गया है। काम-धंधे वाले लोग अपने दफ्तर, दुकान जाने के लिए भी परेशान हैं।