मेडिकल कॉलेज में टीबीसीडी विभाग में मरीजों को देखते चिकित्सक। संवाद
एटा। मेडिकल कॉलेज के टीबीसीडी विभाग में मौसम बदलने के साथ ही सांस के मरीज बढ़ने लगे हैं। रोजाना 150 से अधिक मरीज उपचार ले रहे हैं। इसके साथ ही क्षय रोग से पीड़ित भी उपचार ले रहे हैं।
मेडिकल कॉलेज के डिपार्टमेंट ऑफ चेस्ट डिसीज एंड ट्यूबरक्लोसिस (टीबीसीडी) विभाग में बुधवार को 150 मरीजों ने उपचार लिया। विशेषज्ञ डॉ. शिवांक ने बताया कि मौसम बदलने की वजह से सबसे अधिक सांस के मरीज उपचार ले रहे हैं। 50 से अधिक उम्र के लोगों में चलने पर सांस फूल रही है। इसके साथ ही बलगम की शिकायतें भी आ रही है। वहीं सीने में दर्द, खांसी के भी मरीज उपचार लेने के लिए आ रहे हैं। उन्होंने बताया कि इसके साथ ही रोजाना 5 से 6 मरीज क्षय रोग से पीड़ित आ रहे हैं। उनकी अलग से जांच कराकर उपचार दिया जा रहा है। सांस से पीड़ित मरीजों के एक्सरे भी कराए जा रहे हैं। उन्होंने सांस के रोगियों को सलाह देते हुए कहा कि ठंडी चीजों का सेवन न करें। घर से बाहर निकलते समय मास्क का प्रयोग करें।
अलीगंज : अस्पताल में मरीजों की संख्या पहुंची 400 के पार
अलीगंज। मौसम में बदलाव के चलते कस्बे के अस्पताल में मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ी है। बुधवार को यह संख्या 400 के पार रही। वहीं कुत्ते और बंदरों के काटने से 45 मरीजों को कुत्ता काटने की एंटी रेबीज वैक्सीन लगाई गई। अस्पताल पहुंचने वाले मरीजों में अधिकांश पेट दर्द, सर्दी-जुकाम, बुखार और वायरल संक्रमण से पीड़ित थे।
लोगों का शरीर जकड़ रहा है, साथ ही दर्द की समस्या से ग्रसित हो रहे हैं। चिकित्सा प्रभारी डॉ. शिवकुमार राजपूत ने कहा मौसम बदलने पर लोग बुखार से पीड़ित हो रहे हैं। उन्होंने बुखार से पीड़ित मरीजों को खानपान का विशेष ध्यान रखते हुए चिकित्सक की सलाह पर दवा लेने को कहा है।
मेडिकल कॉलेज में टीबीसीडी विभाग में मरीजों को देखते चिकित्सक। संवाद