मंडी में खरीदारी ठप, सब्जी विक्रेता ने किया प्रदर्शन
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नोटबंदी से हुई कैश की किल्लत से कारोबार चौपट होने लगा है। बुधवार को जहां मंडी में पैसों की कमी के कारण 25 नवंबर तक के लिए खरीदारी बंद कर दी है। वहीं नोटबंदी से घाटा उठा रहे सब्जी व्यापारियों ने प्रदर्शन किया। आरोप है कि कैश नहीं होने के कारण व्यापारी धान समेत अन्य फसलों की बिकवाली बंद है। सब्जियां भी औने-पौने दामों में खरीदी जा रही हैं।
मंडी समिति के खाद्यान्न व्यापारियों के पास धान समेत अन्य फसलें खरीदने के लिए रुपये नहीं बचे है।
इसके चलते बुधवार को मंडी में खरीदारी नहीं हुई। खाद्यान्न व्यापारी समिति के सदस्यों ने बताया कि केंद्र सरकार ने 50 हजार रुपये खाते से निकालने के आदेश दिए हैं, लेकिन बैंकों में कैश नहीं है। वहीं 50 हजार रुपये से आधा घंटे भी खरीदारी नहीं हो सकती, जबकि किसान चेक से भुगतान लेने को तैयार नहीं हैं। इसके कारण 25 नंवबर तक के लिए खरीदारी बंद कर दी गई है। वहीं सब्जी व्यापारियों ने बुधवार को नोट बंदी के खिलाफ मंडी में प्रदर्शन किया।
थोक बाजार में सब्जियाें पर मंदी
एटा। पांच सौ और 1000 रुपये के नोटों का चलन बंद करने से सब्जी व्यापारी और किसान दोनों परेशान हैं। कैश नहीं मिलने के कारण जहां किसानों को औने-पौने दाम में सब्जी बेचनी पड़ रही है। वहीं कमीशन नहीं मिलने से व्यापारियों की रोजी-रोटी पर संकट आ गया है। आलम यह है कि थोक मंडी में सब्जियाें की कीमत 40-50 फीसदी तक नीचे गिर चुकी हैं।
सब्जी कीमत (8 नवंबर) आज
गोभी 06 02
पत्ता गोभी 05 02
बैगन 12 08
टमाटर 16 09
प्याज 10 06
हरी मिर्च 12 05
धनियां 10 05
मूली 10 05
मेथी 20 10