बादल छाए व बूंदाबांदी के डर से शनिवार शाम व्यापारियो ने मक्का को तिरपाल से ढका। संवाद
एटा। सुबह से मौसम में बदलाव के संकेत दिखाई दिए। शनिवार को आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रहने से लोगों को तेज धूप से राहत जरूर मिली लेकिन उमस भरी गर्मी ने दिनभर लोगों को परेशान किए रखा। बादलों के कारण सूर्य की किरणें अपेक्षाकृत कम रहीं जिससे तापमान में अधिक बढ़ोतरी नहीं हुई फिर भी वातावरण में नमी अधिक होने के कारण लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
सुबह के समय मौसम अपेक्षाकृत सामान्य रहा लेकिन जैसे-जैसे दिन चढ़ता गया उमस का असर बढ़ने लगा। बाजारों, कार्यालयों और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों को पसीने और चिपचिपाहट से जूझना पड़ा। कई लोगों ने गर्मी और उमस के कारण घरों से बाहर निकलने से परहेज किया जबकि जरूरी कार्यों से बाहर निकले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को अधिकतम तापमान 39 डिग्री सेल्सियस व न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। दिनभर आसमान में बादल छाए रहने से तेज धूप का प्रभाव कम रहा लेकिन हवा में नमी अधिक होने के कारण उमस का स्तर बढ़ गया। यही वजह रही कि लोगों को वास्तविक तापमान से अधिक गर्मी महसूस हुई।
मौसम विज्ञान केंद्र प्रभारी एसके सिंह का कहना है कि आगामी दिनों में मौसम में हल्का बदलाव देखने को मिल सकता है। कहीं-कहीं हल्की बूंदाबांदी होने की संभावना है हालांकि इससे गर्मी से तत्काल राहत मिलने की उम्मीद कम है। विभाग का अनुमान है कि अगले कुछ दिनों तक उमस भरी गर्मी का असर बना रह सकता है। लोगों को सलाह दी गई है कि अत्यधिक गर्मी और उमस के दौरान पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहें व वृद्ध व बच्चों को अनावश्यक रूप से धूप और गर्म वातावरण में बाहर ने निकलने दें। मौसम में बदलाव के बावजूद फिलहाल गर्मी से पूरी तरह राहत मिलने के आसार नजर नहीं आ रहे हैं।