एटा। पुलिस और अभियोजन की प्रभावी पैरवी के चलते गैंगस्टर एक्ट के मामले में न्यायालय ने दोषी राजू उर्फ राजुद्दीन को दो वर्ष के सश्रम कारावास और पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। यह फैसला मॉनिटरिंग सेल और अभियोजन शाखा की प्रभावी पैरवी के परिणामस्वरूप आया।
पुलिस के अनुसार सात फरवरी 2025 को थाना पिलुआ में गिरोह बनाकर अपराध करने के संबंध में शिकायत दर्ज कराई गई थी। विवेचना के दौरान नगला पोता कोतवाली नगर निवासी राजू उर्फ राजुद्दीन को दोषी बनाया गया। पुलिस ने विवेचना पूरी कर साक्ष्य संकलित करने के बाद सितंबर 2025 में आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।
दोषी को सजा दिलाने के लिए मॉनिटरिंग सेल ने मामले की लगातार निगरानी की। न्यायालय में विचारण के दौरान पुलिस और अभियोजन शाखा ने प्रभावी पैरवी की। 17 अगस्त को गैंगस्टर कोर्ट ने राजू उर्फ राजुद्दीन को दोषी करार देते हुए दो वर्ष के सश्रम कारावास और पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।