देवरिया जिले में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां व्हाट्सएसप ग्रुप में प्रसारित हुई भट्ठे पर कच्ची शराब से मौत की झूठी सूचना पर लार पुलिस दो घंटे तक हलकान रही। हालांकि जिस स्थान को घटना स्थल बताया गया था वहां पुलिस को भट्ठे पर काम करने वाले एक दंपती के डेढ़ साल के बेटे का शव अवश्य मिला। परिजनों के कहने पर पुलिस ने पंचनामा करा शव को सौंप दिया। इसके बाद पुलिस राहत महसूस की। हालांकि बच्चे की मौत को लेकर तरह तरह की चर्चा हो रही हैं।
बुधवार दोपहर में एक व्हाट्सएसप ग्रुप में किसी ने सूचना प्रसारित कर दी कि नगर के उत्तर दिशा स्थित एक ईंट भट्ठे पर कच्ची शराब पीने से एक शख्स की मौत हो गई है। भट्ठा मालिक के कुछ करीबी शव को ठिकाने लगाने को लेकर शव लेकर भटक रहे हैं। इसके बाद लार पुलिस सक्रिय हुई।
आनन फानन पुलिस बताए गए ईंट भट्ठे पर पहुंची। पुलिस शव की तलाश में मजदूरों से पूछताछ शुरू की। पुलिस ने भट्ठे के पास वाले रास्ते से गुजर रहे दो वाहनों की तलाशी ली। इसके बाद पूछताछ में पता चला कि भट्ठे पर काम करने वाले मजदूर शिव साय निवासी बेचकी चिरोपाट बिरानुपुर,जिला गुमला,झारखण्ड का बेटा रोनित (डेढ़ वर्ष) बुधवार को अपने झोपड़ी के समीप खेल रहा था।
खेलते हुए नबदान के गड्ढे में डूब गया। उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मजदूरों के सहयोग से उसका शव बाहर निकाला गया। इसके बाद पुलिस ने राहत की सांस ली। परिजनों के कहने पर पुलिस ने शव को पंचनामा करा सौंप दिया। एकलौते बेटे की मौत के बाद मां मुन्नी उरांव बदहवास हो गई। मृत बालक की चार बहनें हैं। इस बाबत नगर चौकी इंचार्ज सुनील त्रिपाठी ने बताया कि शव को पंचनामा करा सौंप दिया गया है।