पांच बच्चों की बेरहमी से हत्या करने वाले एक पिता को गाजियाबाद की अदालत ने फांसी की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
सरकारी वकील राजीव कसाना ने बताया कि दिल दहला देने वाली यह घटना 8 जून 2009 को विजयनगर थाना क्षेत्र की रोजी कॉलोनी में हुई थी।
वारदात वाले दिन रविंद्र वर्मा ने पत्नी दुर्गावती से चाय मांगी तो उसने देने से इनकार कर दिया। गुस्से में पागल रविंद्र ने अपने पांच बच्चों अंजली (13), प्रीति (11), प्रियंका (9), देवराज (5) और 9 माह के युवराज की सिल बट्टे से सिर कुचलकर हत्या कर दी।
उसने पत्नी पर भी हमला किया था, लेकिन वह बच गई।
बताया जाता है कि शराबी रविंद्र अक्सर बच्चों और पत्नी को मार डालने की धमकी दिया करता था।
एडीजे-7 अरुण चंद्र श्रीवास्तव की कोर्ट ने उसे दोषी मानते हुए फांसी की सजा सुनाई। इसके साथ ही अपने पूर्व के बयान से मुकर जाने पर कोर्ट ने पत्नी के खिलाफ भी मामला दर्ज करने का आदेश दिया।
फैसला सुनाए जाने के बाद हत्यारे रविंद्र ने इच्छा मृत्यु देने की मांग की।