पड़ोसी देश अफगानिस्तान में चल रहे तालिबानों के आतंक का भारत की राजनीति पर असर पड़ने लगा है। कांग्रेस नेता आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा है कि भाजपा अब लोगों को तालिबान के नाम पर डराने का काम करेगी। उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनाव में वह तालिबान के नाम पर ही वोट मांगेगी। वह लोगों से कहेगी कि भाजपा को वोट दो, नहीं तो तालिबान आ जाएगा। कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि नेता पहले लोगों को पाकिस्तान भेजने की बात करते थे, और अब वे लोगों को अफगानिस्तान भेजने की बात करने लगे हैं।
प्रियंका गांधी के राजनीतिक सलाहकार आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान भाजपा ने बालाकोट एयर स्ट्राइक का मुद्दा भुनाया था। वर्ष 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में वह तालिबान का मुद्दा भुनाएगी। कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के नेता शफीकुर्रहमान जैसे नेताओं के बयान भाजपा को इस रणनीति में सफल होने का रास्ता देते हैं।
उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव को साफ करना चाहिए कि वे इस तरह की राजनीति का समर्थन करते हैं, या इसके विरोध में हैं। अगर अखिलेश यादव तालिबान राजनीति के समर्थक नहीं हैं तो उन्हें शफीकुर्रहमान पर कड़ी कार्रवाई कर स्पष्ट संदेश देना चाहिए क्योंकि देश राजनीति से ऊपर होता है और राष्ट्रीय महत्व के विषयों पर सबको एक साथ मिलकर रहना चाहिए।
कौन करेगा मुकाबला
कांग्रेस नेता कृष्णम ने कहा कि यूपी विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा ने धर्म और राष्ट्रवाद का चक्रव्यूह रचा है। इस चक्रव्यूह को वही पार्टी और नेता भेद पाएगा, जिसके पास कृष्ण जैसे चतुर नेता होंगे जो भाजपा की हर राजनीति का जवाब देने में सक्षम हों।