फोटो- 13- मऊ में रामनवमी की पूर्व संध्या पर रामदल निकाला गया जिसमें युवाओं ने भागीदारी की। संवाद
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चित्रकूट। बेहद गरीबी के दंश को झेलने वाली कौशल्या देवी आज पूरे समाज के लिए नजीर बनी हैं। दस साल के संघर्ष में आज वह न सिर्फ पूरा परिवार संभाले हैं बल्कि छह महिलाओं को रोजगार भी दे रखा है।
शहर के सिविल लाइन निवासी महिला कौशल्या गुप्ता सिलाई का काम कर रही है और अपने साथ पांच महिलाओं को भी रोजगार दे रखा है। उन्होंने बताया कि उन्होंने कक्षा हाईस्कूल तक की पढ़ाई की। शादी होने के बाद जब ससुराल में किसी का साथ नहीं मिला तो वह 20 साल पहले कर्वी स्थित मायके में आकर रहने लगीं।
वहां अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत करने के लिए घर में ही टेलरिंग की दुकान खोल ली। उनका कहना है कि आज वह पूरी तरह से आर्थिक रूप से सक्षम है और अपने भाइयों के बच्चों को अपना मानकर अच्छी शिक्षा दिलाने के लिए प्रयासरत है। उसकी दुकान में छह महिलाएं रोजगार पाए हैं और अपने परिवारों की जरूरतों का अपनी मेहनत से पूरा कर रही हैं।
कौशल्या देवी।- फोटो : CHITRAKOOT