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रामघाट से लेकर अन्य तीर्थ स्थल रोशनी से जगमगाए

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फोटो-10- दीपदान मेले में भगवान कामदनाथ के दर्शन के लिए लगी भक्तों की लाइन। संवाद - फोटो : CHITRAKOOT
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चित्रकूट/खोही। भगवान श्रीराम की तपोस्थली में चल रहे दीपदान मेले में आस्थावानों का जमावड़ा रहा। नरक चतुर्दशी पर पांच लाख श्रद्धालुओं ने रामघाट पर मंदाकिनी में स्नान कर दीपदान किया। इसके बाद कामदनाथ में मत्था टेक कामदगिरि की परिक्रमा लगाई।
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सोमवार को दीपावली का विशेष पर्व है। ऐसे में करीब 20 लाख श्रद्धालुओं के आने की संभावना है। सुरक्षा के मद्देनजर चप्पे-चप्पे पर पुलिस बल तैनात रहा। सीसीटीवी कैमरे से भी निगरानी की जा रही है। शाम को रामघाट दीपों की रोशनी से जगमग हो उठा। इस बार प्रशासन ने मेला परिक्षेत्र में भव्य सजावट कराई है।
धनतेरस से शुरू हुए दीपोत्सव मेले के दूसरे दिन नरक चतुर्दशी पर सुबह से ही श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ पड़ा। दूरदराज क्षेत्र से धर्मनगरी पहुंचने के लिए दर्शनार्थियों के जत्थे देखे गए। रामघाट में लाखों आस्थावनों ने मां मंदाकिनी में डुबकी लगाई। मत्यगजेंद्रनाथ मंदिर में भगवान शिव का जलाभिषेक किया। दीपदान कर कामदनाथ में मत्था टेक कामदगिरि की परिक्रमा की।
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इस दौरान भजन-कीर्तन की धुन से धर्मनगरी गुंजायमान रहा। जय श्रीराम, कामतानाथ के जयकारे लगाते हुए आस्थावानों से परिक्रमा किया। इसके अलावा विभिन्न धार्मिक स्थलों में पहुंचकर दर्शन किए।
दीपदान मेले में दूसरे दिन जय श्रीराम व जय कामदनाथ भगवान का उद्घोष गूंजता रहा। यूपी व एपमी के प्रशासनिक अधिकारी मेला क्षेत्र की व्यवस्था के लिए लगे रहे। दीपदान मेला में देश के कोने कोने से श्रद्धालु आए हैं। जिससे मेला क्षेत्र में देश की अलग अलग संस्कृति देखने को मिल रही है।
श्रीराम और सीता भी करते थे दीपदान
तुलसी पीठ के जगद्गुरु रामभद्राचार्य के उत्तराधिकारी आचार्य रामचंद्र दास ने बताया कि ऐसी मान्यता है कि दीपावली पर्व पर भगवान श्रीराम व माता सीता मंदाकिनी नदी में डुबकी लगाते हैं। जो दीपदान भी करते है। भगवतापीठ के आचार्य नवलेश दीक्षित ने बताया कि चित्रकूट सब दिन बसत, प्रभु सिय लखन समेत, मंदाकिनी में दीपदान ?से भगवान का सानिध्य मिलता है।
इस बार विशेष संयोग बन रहा
इस बार दीपदान मेला में विशेष संयोग बन रहे हैं। भरत मंदिर के महंत दिव्य जीवनदास ने बताया कि मुख्य अमावस्या रविवार को है, लेकिन सोमवार को भी कुछ समय के लिए अमावस्या है। इसकी वजह से सोमवार को भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु दीपदान करेंगे। मंगलवार को सूर्यग्रहण होने के कारण धर्मनगरी के मठमंदिर कुछ समय के लिए बंद रहेंगे।
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