विधानसभा चुनाव को लेकर क्षेत्र में सरगर्मी तेज हो गई है। इसी के साथ पुलिस अपनी तैयारियां पूरी करने में जुटी हुई है। पुलिसकर्मी लाइसेंस धारकों के घर पहुंचकर शस्त्र जमा करने के लिए दस्तक दे रहे हैं। रविवार को केवल 22 लाइसेंस धारकों ने ही शस्त्र जमा किए जबकि 73 शेष रह गए हैं।
थानाध्यक्ष चकरघट्टा अलखनारायण ने बताया कि विधानसभा चुनाव में शांति व्यवस्था कायम रखने के लिए लोगों से लाइसेंसी असलहा जमा करवाए जा रहे हैं। लाइसेंस जमा करने में बचे 73 लोगों के असलहे शीघ्र जमा कराए जाएंगे। दूसरी ओर कुछ लाइसेंस धारकों में इस बात को लेकर नाराजगी है कि प्रशासन नक्सल इलाके के लोगों को सुरक्षा के लिए जारी किए असलहे क्यों जमा करवा रहा है। उनका कहना है कि उन्हें लाइसेंस आत्मरक्षा के लिए दिया गया है। शस्त्र जमा कराने से उनमें असुरक्षा की भावना पैदा हो जाती है। इन दिनों किसान रात के वक्त खेतों पर भी काम करता है। इसके लिए बाहर भी आना-जाना पड़ता है। उन्हें सुरक्षा के लिए शस्त्र रखना आवश्यक है। इसके बाद भी पुलिस घर-घर जाकर शस्त्र जमा कराने के लिए दबाव बना रही है।