किसानों को खेती के लिए उन्नत खाद-बीज और अनुदान पर कृषि यंत्र उपलब्ध कराने के लिए बुधवार को कलेक्ट्रेट में कृषि तकनीकी प्रबंध अभिकरण समिति की बैठक हुई। सीडीओ अजितेंद्र नारायण ने योजनाओं की समीक्षा की और अफसरों को ठोस कार्य योजना तैयार करने का निर्देश दिया।
कहा कि संबंधित विभागों को योजना के तहत प्रस्तावित कार्य दिए गए हैं। इसके लिए किसानों के चयन में पूरी पारदर्शिता बरती जाए। इसमें किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, जिला उद्यान अधिकारी व सहायक निदेशक मत्स्य को योजना के कार्यों के संपादन में सुझाव के लिए निर्देशित किया। अधिकारियों ने कहा कि कृषकों की बैठकें, गोष्ठी कराने के लिए दी जाने वाली 1500 रुपये धनराशि काफी कम है। इसे बढ़ाया जाना चाहिए। कृषि विज्ञान केंद्र के उत्थान के लिए धनराशि नहीं दी गई है। सीडीओ ने इन पर गहन विचार विमर्श करने का भरोसा दिलाया। कहा कि पंचायत, पशुपालन व कृषि विभाग के समन्वय से गोवर्धन योजना संचालित होनी है। इसमें गोबर से बायोगैस तैयार की जाएगी। इसको लेकर ग्रामीणों को जागरूक करें।