पीडीडीयू नगर। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम मेें व्यवधान उत्पन्न करने और पुलिसकर्मियों के साथ हाथापाई की शिकायत पर सोमवार को बलुआ थाने में सकलडीहा के सपा विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव और सयुस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संतोष यादव सहित 150 लोगों पर मुकदमा दर्ज हुआ। बलुआ थाने के सब इंस्पेक्टर शिवशंकर की शिकायत पर विधायक और अन्य पर आईपीसी की धारा 147, 149, 186, 189, 353, 341 और दंड विधि अधिनियम 2013 की धारा 7 के तहत बलुआ थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है।
जिले के रामगढ़ स्थित बाबा कीनाराम के जन्मस्थली से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को जिले को 30 करोड़ के विकास योजनाओं की सौगात दी। मुख्यमंत्री के आने से पहले दोपहर 12:00 बजे चहनिया बाजार से पूर्व सांसद रामकिशन यादव, विधायक प्रभु नारायण सिंह यादव समाजवादी पार्टी के जिला अध्यक्ष सत्नारायण राजभर, पूर्व विधायक बब्बन चौहान, पूर्व विधायक जीतेंद्र एडवोकेट के नेतृत्व में सपा कार्यकर्ता मुख्यमंत्री को पत्रक देने के लिए चल पड़े। चहनिया चौराहे पर ही बलुआ थाना प्रभारी मिथिलेश तिवारी और अन्य पुलिसकर्मी उन्हें रोकने की कोशिश किए पर सपा कार्यकर्ता नहीं रुके। सूचना के बाद सीओ अनिरूद्ध सिंह पुलिस फोर्स के साथ पहुंचे और रामगढ़ से मात्र दो किमी पहले सपा कार्यकर्ताओं को रोक दिया। उन्होंने कहा कि पत्रक देना हो तो यहीं दे दीजिए। लेकिन सपा कार्यकर्ता नहीं माने और जबरदस्ती आगे बढ़ने लगे। जिसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। लाठीचार्ज के बाद भगदड़ मच गई। लेकिन सपा कार्यकर्ता फिर जमा होकर सड़क पर ही धरने पर बैठ गए। इसी दौरान सकलडीहा के विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव ने सीओ अनिरूद्ध सिंह का सिर पकड़कर अपने सर में लड़ाने लगे और कहने लगे कि मेरा सिर फोड़ दो। फिर विधायक ने धक्का दिया, सीओ ने भी धक्का दिया। मामला तू-तू, मैं-मैं पर आ गया। सीओ और विधायक के बीच काफी देर तक बहसबाजी होती रही। पूर्व सांसद रामकिशुन यादव ने बीच बचाव किया। उन्होंने डीएम को फोन कर सीओ को हटाने को कहा। डीएम के आदेश के बाद सीओ को मौके से हटाया गया। तब जाकर सपा कार्यकर्ता माने और एडीएम को पत्रक सौंपकर धरना समाप्त किया। सोमवार को बलुआ थाने के एसआई शिवशंकर की तहरीर पर विधायक प्रभुनारायण सिंह यादव, सयुस के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष संतोष यादव पर नामजद और 150 अज्ञात लोगों पर आईपीसी की धारा 147, 149, 186, 189, 353, 341 और दंड विधि अधिनियम 2013 की धारा 7 के तहत बलुआ थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। एसआई ने अपने तहरीर में लिखा था कि बार-बार रोकने के बाद भी सपा कार्यकर्ता नहीं रूके। पुलिसकर्मियों और सीओ से हाथापाई की। मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में बाधा उत्पन्न करने का प्रयास किया। सरकारी विरोधी नारे लगाए इसलिए इनपर विधिक कार्रवाई होनी चाहिए।
पीडीडीयू नगर। सपा विधायक द्वारा सीओ का सिर पकड़कर टकराने के मामले में देश के कई केंद्रीय और प्रदेश के मंत्रियों ने ट्वीट कर विरोध जताया। प्रदेश के उप मुख्यमंत्री केशवप्रसाद मौर्य ने ट्वीट किया कि ‘कानून के साथ खेलने वालों पर कार्रवाई होगी। चंदौली में पुलिसकर्मियों तथा डिप्टी एसपी के साथ अभद्रता व हाथापाई सपा का गुंडों, अपराधियों व माफियाओं वाला चरित्र उजागर करता है। यह नई सपा नहीं यह वही सपा है।’।
शिकायत के बाद बलुआ थाने में दो नामजद और 150 अज्ञात पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। मामले की विवेचना हो रही है। जांच के बाद जो भी विधिक कार्रवाई होगी की जाएगी।-चिरंजीवी मुखर्जी, एएसपी, चंदौली