चंदौली। जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक सोमवार को स्थानीय जिला चिकित्सालय के सभागार में हुई। इसमें जिले में स्वास्थ्य संबंधित सेवाओं के बारे में विस्तार पूर्वक चर्चा की गई। इस दौरान एडीएम ने समय से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर प्रभारियों के नहीं पहुंचने पर नाराजगी जताई और हिदायत दी कि कार्यों में सुधार लाएं नहीं तो कार्रवाई तय है।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व संतोष कुमार ने कहा कि मानव स्वास्थ्य की रक्षा हेतु शासन स्तर से जो भी कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं उसके क्रियान्वयन की जिम्मेदारी चिकित्साधिकारियों की है। इसलिए वे अपने कार्यों के प्रति सचेष्ट व संवेदनशील रहें। इलाज में किसी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाए और उन्हें आवश्यकता अनुसार दवा उपलब्ध कराई जाए। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्य चिकित्साधिकारी डा. एमपी चौरसिया ने कहा कि सभी चिकित्साधिकारियों को कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। कहा कि हिदायत के बाद भी 25 फीसदी चिकित्सक लापरवाही बरत रहे हैं। उन्होंने चिकित्साधिकारियों का आह्वान किया वे अपने कार्यों के प्रति सतर्क और वफादार रहें । कहा कि कार्य के प्रति लापरवाह और निष्क्रिय अधिकारियों के विरुद्ध जरूरत पड़ने पर एफआईआर भी दर्ज कराई जा सकती है। उपमुख्य चिकित्साधिकारी डा. एचआर मौर्या ने नियमित टीकाकरण अभियान को सफल बनाने हेतु सहयोग की अपेक्षा की। कहा कि चार महीने की अंतिम सप्ताह में टीकाकरण होगा। माइक्रो प्लान अभी से बना लें। बैठक में अपर मुख्य चिकित्साधिकारी एसबी सिंह, ओपी त्रिपाठी, एके गुप्ता, एसके सिंह, डा. उमा शरण, डा. पीके चतुर्वेदी, डा. विकास प्रताप, डा.जीसी द्विवेदी, डा. धनंजय सिंह आदि उपस्थित थे।