अहमदगढ़। क्षेत्र के गांव मामऊ में 20 लाख रुपये की लागत से बनी करीब एक किलोमीटर की सड़क पांच दिन पहले बनी थी। जो अब पैरों से ही उखड़ना शुरू हो गई है। ग्रामीणों ने घटिया निर्माण सामग्री इस्तेमाल करने का आरोप लगाते हुए डीएम से सड़क को दोबारा बनवाने की मांग की है।
मामऊ गांव में प्राइमरी स्कूल से लेकर गांव के बाहर तक करीब एक किलोमीटर तक सड़क गड्ढों में तबदील हो गई थी। काफी समय के बाद पांच दिन पहले सड़क लोक निर्माण विभाग खंड खुर्जा के माध्यम से सड़क लेपन मरम्मत कार्य किया गया। जबकि सड़क बनाने से पहले पटरियों को दुरुस्त करना चाहिए था, लेकिन ऐसा नहीं किया और सड़क की मरम्मत के लिए लेपन कार्य किया है। लेकिन सड़क मरम्मत में घटिया सामग्री प्रयोग किया गया। जिससे सड़क उखड़ने लगी है। ग्रामीण श्रीपाल, नीरज, बंटी, चिंटू, रणवीर सिंह, बलबीर सिंह, भानु प्रताप सिंह और इंद्रपाल सिंह आदि ने बताया कि इस सड़क की मरम्मत कई वर्षों बाद हुई। अब यह बनी तो पैरों से ही उखड़ना शुरू हो गई है। उनका आरोप है कि इसमें जेई एवं ठेकेदार के गठजोड़ के चलते हुए घटिया सामग्री का प्रयोग कर निर्माण किया गया है। उन्होंने बताया कि डीएम को शिकायत भेजकर बनाई गई सड़क की जांच कर दोबारा सड़क बनवाने की मांग की गई है।
दूसरी ओर लोक निर्माण विभाग खुर्जा के एक्सईएन हेमंत सिंह का कहना है कि गांव मामऊ में करीब एक किलोमीटर की सड़क तारकोल से बनाने और कुछ सड़क सीसी बनाने का निर्णय लिया गया। इसमें करीब 20 लाख रुपये खर्च करने का प्रावधान रखा गया। जिस दिन तारकोल से सड़क बनाई गई, उसी रात बारिश हो गई। ऐसे में यह समस्या आई है। अभी मैं लखनऊ से लौट रहा हूं। इसका जायजा लिया जाएगा और ग्रामीणों की समस्या को दूर किया जाएगा।