आठ गांवों में जमीन की बिक्री पर लगी रोक हटी
बुलंदशहर। मेरठ-बुलंदशहर हाईवे को अब दिल्ली हाईवे से लिंक करने के कारण आठ गांवों में जमीन की बिक्री पर लगी रोक हट गई है। जिसके बाद अब बड़ी संख्या में लोग जमीन बेचने और खरीदने की तैयारी में हैं।
मेरठ से बुलंदशहर का सफर सुहाना करने के लिए केंद्र सरकार ने करीब 700 करोड़ की लागत से नेशनल हाईवे 334 का निर्माण कराया था। हाईवे बनाए जाने के बाद से बुलंदशहर से मेरठ की दूरी अब डेढ़ घंटे में तय की जा सकती है। वहीं, बुलंदशहर से दिल्ली जाने के लिए करीब पांच साल पहले सरकार ने नेशनल हाईवे-91 का निर्माण कराया था। मेरठ रोड स्थित ग्रामीणों को यदि दिल्ली जाना पड़ता है तो उन्हें पहले भूड़ चौराहे और उसके बाद नेशनल हाईवे-91 का सफर करना पड़ता था। अब उन्हें राहत मिलेगी और एनएचएआई दोनों हाईवे को लिंक करने के लिए कार्य शुरू करने की तैयारी में है। जमीन के अधिग्रहण के कारण जिला प्रशासन ने उक्त आठ गांवों में जमीन की बिक्री पर रोक लगाई थी। जिसे अब जिला प्रशासन द्वारा हटा दिया गया है। एडीएम प्रशासन रवींद्र कुमार ने बताया कि अल्लीपुर गिझौरी, कुड़वल बनारस, काजमपुर देवली, कमालपुर, औढेरा उर्फ नवादा, असदुल्लापुर, अड़ौली, दरियापुर गांव में जमीन बिक्री को फिर से बहाल कर दिया गया है।