बदायूं में मंगलवार को डीएम कार्यालय से दो नटवरलाल पकड़े गए हैं। पहले उन्होंने डीएम दीपा रंजन को बेसिक शिक्षा मंत्री संदीप सिंह बनकर कॉल की। उनसे कहा कि दो लोग आपके कार्यालय भेजे हैं, उनकी जमीन पर कुछ लोगों ने कब्जा कर लिया है। तुरंत इनकी जमीन से कब्जा हटवाया जाए। ये कहकर थोड़ी देर बाद दोनों शातिर युवक कार्यालय में घुस गए। शक होने पर डीएम ने मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लगवाया तो लोकेशन डीएम ऑफिस की ही मिली। मौके पर पहुंची एसओजी ने दोनों को मौके से गिरफ्तार कर लिया। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जा रही है।
डीएम कार्यालय से पकड़ा गया पहला आरोपी आसिफ खान पुत्र बलादत खान बिल्सी थाना क्षेत्र के गांव परौली का रहने वाला है, जबकि दूसरा सुमित कुमार पुत्र राजेंद्र पाल बिसौली के नागपुर गांव का है। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों ने नागपुर गांव निवासी हरिसिंह से उसकी जमीन से कथित कब्जा हटवाने के लिए दो लाख रुपये का सौदा किया था। हरिसिंह के बारे में बताया गया कि वह हत्या के मामले में 2005 से 2012 तक जेल में रहा। तब से जमानत पर बाहर है। इस जमीन को हरिसिंह करीब 35 साल पहले बेच चुका था पर खरीदार बीरबल ने उस वक्त बैनामा न कराकर स्टांप पेपर पर ही लिखा-पढ़ी कराकर मकान बना लिया था।