बदायूं। बिल्सी थाना क्षेत्र के खुलहैट गांव में हुई युवक की हत्या के मामले में पुलिस ने ग्राम प्रधान समेत आठ लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। इसमें दो आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ गए हैं। इसके साथ ही पुलिस ने मृतक के शव का पोस्टमार्टम करा दिया है। फरार आरोपियों की तलाश में टीमें लगा दी गई हैं।
मंगलवार रात खुलहैट गांव में एक युवक की गोली मारकर हत्या कर दी गई है। मृतक शाकिर पुत्र शाबिर उझानी कोतवाली क्षेत्र के गांव ननाखेड़ा का रहने वाला था। खुलहैट के मुस्कीम पुत्र बाबुद्दीन के मुताबिक उन्हें ग्राम प्रधान गुलशन पुत्र सुल्तान ने उसे और उसके साथियों जुल्फिकार पुत्र विकारउद्दीन, मुजिम पुत्र एहसान और उनके मौसेरे भाई शाकिर को कोटे का विवाद निपटाने के लिए खुलहैट बुलाया था। शाम के करीब सात बजे वह ग्राम प्रधान गुलशन के घर के नजदीक पहुंचे कि उसी समय प्रधान, इमरान व सलमान पुत्रगण इरफान, छोटे पुत्र लंबे उर्फ इलियास, मियां खान पुत्र मुल्तान, शमीउद्दीन पुत्र शहजुद्दीन, मुशाहिद और मुजाहिद पुत्रगण भूरे ने अचानक उनके ऊपर हमला बोल दिया। उन्होंने शाकिर को दो गोली मारीं। एक उसके सीने में लगी और दूसरी पेट में जा घुसी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। उसके बाद आरोपी शाकिर के शव को गाड़ी में डालकर ले गए। उसे गांव के बाहर खेत में डाल दिया था।
थाना पुलिस ने मुस्कीम की तहरीर पर प्रधान गुलशन, इमरान, सलमान, छोटे, मियां खान, शमीउद्दीन, मुशाहिद और मुजाहिद के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। इसमें सलमान और इमरान नाम के आरोपी पकड़े गए हैं। उन्हें बृहस्पतिवार को जेल भेजा जाएगा।
इमरान ने की सूजा घोंपकर केस बनाने की कोशिश
जिस समय शाकिर की गोली मारकर हत्या कर दी गई। उसी समय गांव खुलहैट निवासी इमरान ने खुद के पैर में सूजा घोंपकर केस बनाने की कोशिश की थी। पुलिस की मानें तो शाकिर के जो गोली मारी गई थी, वह गोली पेट को छेदते हुए पार निकल गई और चबूतरे में जाकर लगी। इमरान ने वही गोली सूजा घोंपकर अपने पैर में घुसा ली लेकिन गोली चपटी होने के बाद मामला खुल गया और पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। वहीं आरोपियों ने चबूतरे पर लगे खून को धोकर साक्ष्य मिटाने की कोशिश की।
जेल में हैं शाकिर के दो भाई और मां
शाकिर के परिवार वालों के मुताबिक उसके पिता शाबिर की भी हत्या हुई थी। उनका शव तक नहीं मिला था। इसका बदला लेने के लिए शाकिर के भाई आरिफ और आमिर ने अपने गांव के मल्लू की हत्या कर दी। मल्लू शाबिर हत्याकांड में नामजद था। तब से दोनों भाई और उनकी मां मानना जेल में हैं।
हलका इंचार्ज की लापरवाही से हुई हत्या
खुलहैट गांव में हुई युवक की हत्या के मामले में प्रथम दृष्टतया हलका इंचार्ज कृपाल सिंह की लापरवाही सामने आई है। बताते हैं कि ये मामला कई दिन से चल रहा था। दोनों पक्ष एक-दूसरे की शिकायत कर रहे थे। इसके बावजूद उन्होंने कोई कार्रवाई नहीं की। इसमें हलका इंचार्ज के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है।
खुलहैट गांव में विवाद करने वाले आपस में रिश्तेदार और परिवार के लोग हैं लेकिन उनके बीच रंजिश ज्यादा है। इस मामले में आठ लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है। दो लोगों को हिरासत में ले लिया गया है। इसमें चौकी इंचार्ज की लापरवाही सामने आई है। उनके खिलाफ भी कार्रवाई हो सकती है। - अनिरूद्घ सिंह, सीओ बिल्सी