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रोडवेज चौराहे पर लगता है जाम, कैसे हो निदान

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रोडवेज चौराहे पर लगा जाम। संवाद - फोटो : BADAUN
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बदायूं। रोडवेज बस स्टैंड के चौराहे को जाम से मुक्ति न जाने कब मिलेगी। इस चौराहे पर दिनभर जाम लगा रहता है। कभी-कभी यहां से लोगों को पैदल निकलना तक दूभर हो जाता है। दूसरी ओर चौराहे पर प्राइवेट बसें खड़ी कर दी जाती हैं। इससे स्थिति और बिगड़ जाती है। बचीखुची कसर ऑटो और ई-रिक्शा वाले पूरी कर देते हैं। नजदीक में पुलिस चौकी होने के बावजूद चौराहे पर जाम से मुक्ति नहीं मिल रही।
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रोडवेज स्टैंड के चौराहे पर प्राइवेट वाहन खड़े होना मना हैं। चौकी पुलिस को सख्त आदेश हैं कि किसी प्रकार के प्राइवेट वाहन चौराहे पर या उसके नजदीक नहीं खड़े होंगे। इसके बावजूद रोडवेज चौराहे पर दिन भर प्राइवेट वाहन खड़े रहते हैं। सबसे ज्यादा व्यवस्था प्राइवेट बसें बिगाड़ती हैं। अंजता होटल के नजदीक प्राइवेट बसें आकर खड़ी होती हैं और यहीं से बरेली अलीगढ़ के लिए सवारियां बैठाई जाती हैं। ये देखकर रोडवेज बसें भी सड़क पर आकर खड़ी हो जाती हैं। कभी-कभी तमाम बसें सड़क पर खड़ी कर दी जाती हैं। इससे छोटे वाहनों का निकलना मुकिश्ल हो जाता है। जब ऑटो और ई-रिक्शा लाइन लगाकर निकलते हैं तो और ज्यादा जाम लग जाता है।
ये चौराहा सबसे व्यस्तम चौराहा है। इसके बावजूद चौकी पुलिस अपनी जिम्मेदारियों पर खरी नहीं उतर रही है। इससे चौराहे पर दिनभर जाम लगा रहता है। अगर पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी इस पर ध्यान दें तो शायद चौराहे की हालत सुधर सकती है।
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डग्गामार वाहनों के विरोध में कई महीने चला था धरना
कोरोना संक्रमण काल से पहले कई महीने परिवहन निगम के कर्मचारियों ने धरना प्रदर्शन किया था। उस समय भी प्राइवेट बसें रोडवेज चौराहे पर आकर खड़ी हो रहीं थीं। उस दौरान तत्कालीन डीएम दिनेश कुमार सिंह ने एक कमेटी बनाई थी, जिसमें पुलिस, प्रशासनिक और एआरटीओ के अलावा परिवहन निगम के एआरएम शामिल किए गए थे। आदेश दिए गए थे कि चौराहे पर कोई प्राइवेट बस खड़ी नहीं होगी। कुछ दिन प्राइवेट बसें खड़ी नहीं हुईं। उसके बाद फिर से प्राइवेट बसों का चौराहे पर कब्जा हो गया।
परिवहन निगम को लाखों का नुकसान कर रहे डग्गामार वाहन
परिवहन निगम अधिकारियों के अनुसार जहां से रोडवेज बसों में सवारियों को बैठाया जाना चाहिए वहां से प्राइवेट बसें आकर सवारियों को बैठा रहीं हैं। नियम है कि रोडवेज बस स्टैंड से दो सौ मीटर की परिधि में टैक्सी स्टैंड या डग्गामार वाहन खड़े नहीं हो सकते। इससे परिवहन निगम को रोज लाखों रुपये का नुकसान हो रहा है। फिर भी इनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हो रही है।
सड़क पर रोडवेज बसें खड़े होना भी नियम विरुद्ध
रोडवेज स्टैंड के बाहर सड़क पर रोडवेज बसें खड़े होना भी नियम के खिलाफ है। नियम तो ये है कि रोडवेज बसें स्टैंड में खड़ी होकर सवारियों को बैठा सकती हैं लेकिन यहां अधिकतर बसें सड़क पर खड़ी करके यात्रियों को बैठाया जाता है। जाम लगने का ये दूसरा कारण है।
रोडवेज बस स्टैंड पर जाम न लगे इसके लिए परिवहन निगम के अधिकारियों को बताया जा चुका है। वह बसें सड़क पर न खड़ी कराएं। प्राइवेट वाहनों वाले नहीं मानेंगे तो उनके लिए भी अभियान चलाकर रोडवेज चौराहे को जाम से मुक्त किया जाएगा। वाहनों के चालान किए जाएंगे।
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- प्रवीन सिंह चौहान, एसपी सिटी

रोडवेज चौराहे पर सड़क पर खड़ी रोडवेज बस। संवाद- फोटो : BADAUN

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