बदायूं। सफाईकर्मियों की हड़ताल खत्म होने के बाद भी शहर में गंदगी खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। पालिका प्रशासन बैकफुट पर आया तो नगर विकास राज्यमंत्री ने खुद कमान संभाल ली है। उनके निर्देश पर डीपीआरओ ने पंचायती राज विभाग के दो सौ कर्मचारियों की ड्यूटी शनिवार को शहर में लगाई है। वे शहर के सफाईकर्मियों संग अभियान चलाकर शहर को साफ करने का काम करेंगे।
शहर में सफाई व्यवस्था की जिम्मेदारी नगर पालिका प्रशासन की है। 26 अक्तूबर को नगर पालिका के सफाई कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर पालिका परिसर में धरने पर बैठ गए थे। पालिका अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद भी हड़ताल खत्म नहीं हुई तो सीएम योगी के सहसवान आने से पहले जिला प्रशासन की कोशिश से सफाई कर्मचारियों की हड़ताल खत्म हो सकी।
हड़ताल खत्म होने के बाद भी शहर की सफाई व्यवस्था उतनी बेहतर नहीं हो पा रही थी। ऐसे में लोगों को परेशानी हो रही थी। पालिका प्रशासन के स्तर पर सुनवाई न होने पर राज्यमंत्री महेश गुप्ता ने जिम्मेदारी संभाली है। उन्होंने डीएम व अन्य अधिकारियों से इसको लेकर वार्ता की। उन्होंने शहर में व्यापक स्तर पर सफाई कराने के निर्देश दिए हैं। उनके प्रयास से नगर पालिका ने जिला पंचायत राज अधिकारी श्रेया मिश्रा से 200 सफाई कर्मचारियों की मांग की। वह शनिवार को पूरे शहर में टोली बनाकर काम करेंगे। हालांकि इनके साथ में नगर पालिका के सफाई कर्मचारी भी काम करेंगे। जरूरत के मुताबिक इन सफाईकर्मियों को आगे के दिनों में भी बुलाया जा सकेगा।
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दीपावाली पर भी शहर में पर्याप्त सफाई न रहने की शिकायतें रहीं। प्राथमिक तौर पर नगर पालिका प्रशासन को समस्या निस्तारण का काम करना चाहिए। शहर से जनप्रतिनिधि व मंत्री होने के नाते जनता की अपेक्षा मुझसे भी है। यह देखकर मैंने ही शहर में सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने का प्रण लिया है। शनिवार को नगर पालिका के साथ ही देहात के सफाईकर्मी भी शहर में सफाई करेंगे। शहर में विशेष सफाई अभियान चलाया जाएगा।
- महेश चंद्र गुप्ता, नगर विकास राज्यमंत्री