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Budaun News: अढौली फाटक पर वाईशेप में बनेगा अंडरपास

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उझानी में रेलवे का अढौली फाटक। संवाद
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उझानी। अढौली फाटक पर जल्द ही जाम के झंझट से निजात मिलने की उम्मीद जागी है। राहगीरों की परेशानी से वाकिफ रेलवे के इंजीनियरों की टीम ने पिछले दिनों मौका मुआयना किया था। एक ही अंडरपास से गुड्स प्लेटफार्म और कादरचौक रोड की ओर रास्ता खोलने के लिए उसे वाईशेप में बनाने का प्रस्ताव भेजा गया है।
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वाईशेप में अंडरपास निर्माण की कार्रवाई आगे बढ़ाने से पहले रेलवे के इंजीनियरों की टीम अब तक दो-तीन बार पैमाइश भी कर चुकी है। बताते हैं कि पैमाइश के दौरान पहले अढौली फाटक के नीचे ही अंडरपास बनाने पर विचार हुआ, लेकिन लाइन पार भूमि का अभाव होने के कारण ज्यादा गौर नहीं किया गया। इसे लेकर सबसे ज्यादा दिक्कत रेलवे के गुड्स प्लेटफार्म तक वाहनों की आवाजाही में होती। इसके लिए इंजीनियरों को कादरचौक रोड से गुड्स प्लेटफॉर्म तक कोई और रास्ता खोजना पड़ता।
स्टेशन के वाणिज्य अधीक्षक केपी सिंह ने बताया कि वाईशेप में अंडरपास बनाए जाने से गुड्स प्लेटफार्म और कादरचौक रोड की ओर आने-जाने वाले भारी वाहनों को दिक्कत नहीं होगी। रेलवे लाइन से कस्बे की ओर वाली साइड में विभाग की पर्याप्त रकबा में भूमि भी उपलब्ध है। इंजीनियरों की ओर से भेजे गए वाईशेप के अंडरपास के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने की उम्मीद है। अंडरपास बनने जाने के बाद राहगीरों को ट्रेनों के आवागमन के दौरान फाटक बंद होने पर जाम का भी सामना नहीं करना पड़ेगा। बता दें कि शाम को बहुत कम अंतराल में ट्रेन और मालगाड़ियों की आवाजाही से फाटक काफी देर तक बंद रहता है।
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फाटक से होकर जाता है मुरादाबाद-मैनपुरी के बीच शार्टकट रोड
अढौली फाटक पार कर कादरचौक होकर मैनपुरी और इटावा तो इस ओर मुरादाबाद और रामपुर के लिए बिल्सी होकर शार्टकट रास्ता निकलता है। उझानी, कादरचौक के रास्ते मैनपुरी की दूरी करीब 30 किलोमीटर कम हो जाती तो मुरादाबाद तक सफर 20-25 किलोमीटर की दूरी अधिक तय करने से वाहन चालक बच जाते हैं। सुगम सफर के लिए उझानी से कादरचौक तो बिल्सी को वाया संजरपुर- सिरासौल होकर सड़क ठीकठाक है। इसके विपरीत, बदायूं जिले में उझानी स्टेशन पर गुड्स का इकलौता प्लेटफॉर्म है। रैक प्वाइंट पर लोडिंग और अनलोडिंग के दौरान आने-जाने वाले ट्रक और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की राह भी आसान हो जाएगी।
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