बुलंदशहर के औरंगाबाद में जाति छिपाकर एक परिवार को शादी तय करना महंगा पड़ गया। धूमधाम से बारात आई। शादी का जश्न चल रहा था तभी दुल्हन को दूल्हे की असली जाति का पता चल गया। फिर क्या था दुल्हन ने फेरे लेने से इंकार कर दिया। इससे शादी में बवाल मच गया।
मारपीट के बाद दुल्हन पक्ष के लोगों ने दूल्हे समेत छह बारातियों को बंधक बना लिया। शादी के इंतजाम में खर्च हुए एक लाख रुपये की मांग होने लगी।
हंगामे के बाद पंचायत हुई लेकिन मामला तय नहीं हो सका। रात तक इस मामले का लेकर हो हल्ला चलता रहा। बाद में समझौते की तैयारी हुई।
दुल्हन को पता चली दूल्हे की यह बात
बदायूं के मझौला गांव निवासी कल्याण सिंह यादव के बेटे की बारात सोमवार की रात अगौता क्षेत्र के गांव बीहरा में राजेन्द्र जाटव के यहां आई। करीब 100 बाराती धूमधाम से बारात लेकर पहुंचे।
चढ़त के बाद बाराती खाना खाकर वापस बदायूं लौटने की तैयारी कर रहे थे तभी किसी ने दूल्हे की बिरादरी बताकर रंग में भंग डाल दिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जैसे ही दुल्हन को पता चला कि दूल्हा यादव बिरादरी से ताल्लुक रखता तो उसने फेरे लेने से ही इंकार कर दिया। दुल्हन के इंकार से हंगामा मच गया। दुल्हन के साथ ही घरवालों और ग्रामीणों को जाति छिपाने की बात पर गुस्सा आ गया।
दूल्हे सहित बारातियों को बनाया बंधक
आक्रोशित लोगों ने दूल्हे और बिचौलिया पर जाति छुपाने का आरोप लगाते हुए लाठी-डंडों से हमला कर दिया। ग्रामीणों ने कई बारातियों की पिटाई कर दी। बवाल देख कुछ बारातियों ने भाग कर जान बचाई।
लाठी-डंडे चलने से बारातियों में अफरातफरी मच गई। दूल्हा बारात को वापस ले जाने की जिद करने लगा। इस पर दुल्हन के परिजनों ने दूल्हे, उसके पिता, बिचौलिया सहित आधा दर्जन बारातियों को एक कमरे में बंधक बना लिया।
बारात में आए बाकी लोग वहां से चले गए। सोमवार रात को कोई हल न निकलने पर मंगलवार की दोपहर मामले में दोनों पक्षों की ओर से पंचायत की गई। पंचायत में दुल्हन पक्ष ने दावत के दौरान खर्च हुए एक लाख रुपये की मांग की।
फैसले के लिए बैठी पंचायत
पंचायत में रुपये की मांग होने पर दूल्हे पक्ष ने अपने परिजनों को फोन कर एक लाख रुपये बीहरा लाने को कहा। दुल्हन पक्ष पैसे मिलने के बाद ही दूल्हे और बारातियों को छोड़ने की बात पर अड़े रहे। रात तक मामले को लेकर पंचायत चलती रही। अगौता पुलिस ने घटना की जानकारी से इंकार किया है।
क्या कहते हैं दुल्हन के घरवाले
दुल्हन के पिता राजेंद्र जाटव ने बताया कि बिचौलिये ने दूल्हे पक्ष को भी जाटव बिरादरी का बताया गया था। जिसके बाद ही यह शादी तय हुई थी। बिचौलिया ने उनके साथ धोखा किया है।
दूल्हे वाले बोले
दूल्हे के पिता कल्याण सिंह यादव ने बताया कि शादी तय करने से पहले ही बिचौलिये को सब कुछ सही बता दिया गया था। बिचौलिये की गलती से ही यह विवाद खड़ा हुआ है।