कोरोना से महिला की मौत
नींदडू़। नईम अहमद की पत्नी आसिया (40) दस दिन से बीमार थी। फेफड़ों में संक्रमण के चलते उसे सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। अस्पताल में ऑक्सीजन उपलब्ध नहीं होने से परेशानी और बढ़ गई। परिजनों ने किसी तरह ऑक्सीजन की व्यवस्था की। ऑक्सीजन लगने के कुछ देर बाद उसकी मृत्यु हो गई। आठ दिन पहले दिल्ली के अस्पताल में दाखिल बुखार से पीड़ित भाई इकतेदार अली (62) की मृत्यु हुई थी। मृत्यु तक वह इलाज के दौरान दिल्ली के अस्पताल में अपने भाई के साथ रहकर तीमारदारी कर रही थी।
तीन मौत प्रतिदिन की दर से मृत्यु वाले नींदडू़ में मौत का ग्राफ कम होने से लोगों ने राहत महसूस की है। गांव में 19 अप्रैल को पहली मौत मा. शमशाद अहमद (40) की हुई थी। वह दिल्ली से संक्रमित होकर आए तथा मुरादाबाद के अस्पताल में इलाज के दौरान उनका इंतकाल हो गया। इसके बाद 22 अप्रैल से तीन मई तक (12 दिन) में बुखार एवं अन्य कारणों से 38 मौतें हुईं। इनमें ज्यादातर व्यक्ति 45 से 80 वर्ष की आयु के थे। बाद में मौतों में कमी आई। चार से 12 मई के बीच आठ दिनों में 12 मौत हुई।