दुष्कर्म का प्रयास करने के आरोपी की जमानत याचिका निरस्त
बिजनौर। विशेष जज एससीएसटी एक्ट बलजोर सिंह ने अनुसूचित समाज की एक युवती के साथ दुष्कर्म का प्रयास के आरोपी आयुष लांबा की जमानत याचिका निरस्त कर दी है।
शासकीय अधिवक्ता शलभ शर्मा के अनुसार थाना कोतवाली शहर निवासी एक युवती ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह बिजनौर में एक ग्रुप में काम करती थी। चार जून 2021 को वह अपने कार्यालय में ड्यूटी कर रही थी। कंपनी के डायरेक्टर के पार्टनर थाना हीमपुर के गांव सिकंदरी निवासी आयुष लांबा उसके कार्यालय में आए। उसके साथ जुल्फकार नामक युवक भी था। आयुष लांबा ने कार्यालय का दरवाजा बंद कर दिया और उसके साथ दुष्कर्म का प्रयास किया। शोर पर कार्यालय के कर्मचारी आ गए जिन्होंने उसे बचाया।
आयुष लांबा ने उसे धमकी दी थी कि वह फिल्मों का डायरेक्टर है। अगर उसके खिलाफ कोई शिकायत की तो वह उसे बर्बाद कर देगा। आयुष लांबा का कहना था कि लेनदेन को लेकर विवाद था। उसके खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज कराया गया है।