बिलाई चीनी मिल मालिक पर वाद दायर
बिजनौर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आगमन और चीनी मिलों का पेराई सत्र शुरू होने से पहले किसानों का भुगतान कराने के लिए प्रशासन ने सख्त रवैया अपनाना शुरू किया है। किसानों की सबसे बड़ी बकायेदार बिलाई मिल के मालिक और अध्यासी अध्यक्ष के खिलाफ सीजेएम न्यायालय में वाद दाखिल किया गया है। बाकी मिलों के खिलाफ भी कार्रवाई करने की तैयारी की जा रही है। जिले भर में देखा जाए तो करीब 250 करोड़ रुपये का बकाया है। इसमें अकेली बिलाई मिल पर 160 करोड़ रुपये का बकाया चल रहा है।
अक्तूबर में चीनी मिलों का पेराई सत्र शुरू हो जाएगा। चीनी मिलों ने अब तक बकाया भुगतान नहीं किया है। किसान संगठन बकाया गन्ना मूल्य भुगतान ब्याज सहित कराने की मांग कर रहे हैं। प्रशासन पर भी मिलों से भुगतान कराने का पूरा दबाव है। जिले की मिलों पर अब भी 250 करोड़ से अधिक बकाया है। इसका लगभग आधा बकाया अकेली बजाज ग्रुप की बिलाई चीनी मिल पर है। इससे प्रशासन और किसान दोनों नाराज हैं। डीएम उमेश मिश्रा ने भुगतान लटकाने वाली मिलों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए थे। डीएम के निर्देश पर अब बजाज ग्रुप के मालिक कुशाग्र बजाज और बिलाई मिल के अध्यासी अध्यक्ष के खिलाफ सीजेएम न्यायालय में वाद दाखिल किया गया है। बाकी चीनी मिलों को भी चेतावनी जारी की जा रही है। सहायक चीनी आयुक्त डीके मौर्य के अनुसार बिलाई मिल के मालिक और अफसरों के खिलाफ वाद दायर किए गए हैं। नियम और सामान्य प्रक्रिया के अनुसार ही कार्रवाई की गई है।
चीनी मिल गन्ना खरीद बकाया
धामपुर 764.30 00
स्योहारा 701.58 00
बिलाई 436.90 160.28
बहादरपुर 397.17 00
बरकातपुर 459.60 00
बुंदकी 428.88 00
चांदपुर 203.73 24.69
बिजनौर 169.92 28.74
नजीबाबाद 155.59 45.09
कुल 3674.70 258.81
नोट : राशि करोड़ रुपये में है। आंकड़े गन्ना विभाग से लिए गए हैं।