भाकियू के युवा प्रदेश अध्यक्ष दिगंबर सिंह ने इसकी शिकायत की। डीएम रमाकांत के निर्देश पर जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह ने मामले की जांच की तो मामले का खुलासा हुआ। डीएम ने सख्त रुख अपनाते हुए इस मामले में मिल को नोटिस जारी किए गए हैं।
मिल से शीरा बेचकर मिली राशि से किसानों का भुगतान करने को कहा गया है। जांच में पता चला कि मिल ने करीब 18 करोड़ रुपये का शीरा बेच दिया है और इससे मिली राशि से फूटी कौड़ी का भी भुगतान हीं किया। भाकियू जिलाध्यक्ष कुलदीप सिंह ने बिजनौर व चांदपुर चीनी मिल पर भी चीनी व शीरा बेचकर पैसा अन्य मदों में खर्च करने की आशंका जताते हुए जांच की मांग की है।
बिलाई चीनी मिल के अफसरों पर ट्रेकिंग आदेश का उल्लंघन करने में रिपोर्ट दर्ज करने की भी मांग की है। भाकियू के युवा प्रदेश अध्यक्ष दिगंबर सिंह का कहना है कि भुगतान देने में नाकाम चीनी मिल अब किसानों के हक को मारने के लिए अपने ही संस्थान में चोरी करने लगी हैं।
जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह का कहना है कि मामला संज्ञान में आ गया है। मिल पर कार्रवाई के लिए सहायक चीनी आयुक्त को पत्र लिख दिया गया है। बाकी चीनी मिलों के कोटे आदि की जांच की जाएगी। बिलाई मिल के अफसरों के खिलाफ वाद दायर होगा।