अब मिलों को मिलेगी रुकी सब्सिडी
बिजनौर। विदेशों को चीनी निर्यात करने पर अटकी सब्सिडी अब मिलों को मिलनी शुरू हो गई है। मंगलवार को चांदपुर चीनी मिल को पिछले पेराई सत्र की रुकी करीब 13 करोड़ की सब्सिडी मिली है। मिलों को करीब 325 करोड़ की सब्सिडी इसी सप्ताह के अंदर मिलने का अनुमान है। इसे चीनी मिल किसानों के खातों में भेजेंगी, किसानों को भुगतान मिल जाएगा।
स्थानीय बाजार में चीनी की उपलब्धता कम करने व नया बाजार उपलब्ध कराने के लिए केंद्र सरकार चीनी निर्यात को प्रोत्साहन दे रही है। चीनी मिलों को विदेशों में चीनी बेचने पर एक हजार रुपये प्रति क्विंटल की सब्सिडी देने की घोषणा की गई थी। केंद्र सरकार ने घोषणा तो कर दी, लेकिन चीनी मिलों को मिलने वाली सब्सिडी अब तक शासन में ही अटकी हुई थी। केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान की बीमारी और बाद में निधन के चलते सब्सिडी की फाइल अटकी हुई थी। पिछले सप्ताह केंद्र सरकार ने सब्सिडी जल्दी जारी करने की घोषणा की थी। जिले की चीनी मिलों का भी शासन पर करीब 340 करोड़ रुपया सब्सिडी का बकाया था। केंद्र सरकार ने सोमवार को सब्सिडी जारी करनी शुरू कर दी है। सबसे पहली किस्त चांदपुर मिल को मिली है। चांदपुर मिल को करीब 13 करोड़ रुपये की सब्सिडी प्राप्त हो गई है। चांदपुर मिल को सब्सिडी जारी होने से अब बाकी चीनी मिलों को भी सब्सिडी जल्दी मिलने का अनुमान है।
चीनी मिल मिली सब्सिडी बकाया सब्सिडी
धामपुर 00 115.84
स्योहारा 23.28 23.28
बहादरपुर 13.69 28.09
बरकातपुर 00 109.61
बुंदकी 13.91 28.55
चांदपुर 13 .00 3.25
बिजनौर 00 7.70
नजीबाबाद 00 10.51
कुल 63.89 326.85
नोट : राशि करोड़ रुपये में है। आंकड़े गन्ना विभाग से लिए गए हैं।
चीनी मिलों ने भुगतान किया
मंगलवार को चीनी मिलों ने पिछले साल का भुगतान किया है। बरकातपुर मिल ने साढ़े आठ करोड़, बिलाई ने 1.30 करोड़ तथा चांदपुर मिल ने सब्सिडी से अलग पांच करोड़ का भुगतान किया है। बकरातपुर चीनी मिल ने वर्तमान पेराई सत्र का 1.20 करोड़ रुपये का भुगतान किया है।
बिलाई का अब भी बकाया
शासन सब्सिडी की राशि तो जारी कर रहा है लेकिन बिलाई चीनी मिल का 115 करोड़ का बकाया अब भी शासन पर है। बजाज ग्रुप को बिलाई मिल लगाने की एवज में शासन से इतने रुपये की प्रोत्साहन राशि मिलनी थी। लेकिन करीब 15 साल बाद भी यह राशि अटकी हुई है।
जल्दी मिलेगी सब्सिडी : डीसीओ
जिला गन्ना अधिकारी यशपाल सिंह के अनुसार चांदपुर मिल को सब्सिडी रिलीज हुई है। बाकी चीनी मिलों को भी सब्सिडी जल्दी मिलने की उम्मीद है।