वन विभाग की एनओसी में फंसा एनएच-119
बिजनौर। एक ओर एनएच 119 के तेजी से पूरा करने के दावे हो रहे हैं, वहीं दूसरी ओर सेंक्चुअरी में एनओसी के इंतजार में कई महत्वपूर्ण जगहों पर काम ही शुरू नहीं हो पाया है। मेरठ-पौड़ी राष्ट्रीय राजमार्ग पर अभी तक बहसूमा से पहले और दूसरा बिजनौर में स्वाहेड़ी के पास काम शुरू हो पाया है। रामराज, मीरापुर बाईपास समेत बिजनौर बैराज रोड पर नए पुल और उसकी अप्रोच रोड का काम एनओसी मिलने के बाद शुरू होने की बात कही जा रही है।
मेरठ-पौड़ी हाईवे की हालत खराब हुई तो कहा जाने लगा कि फोनलेन बनने के बाद इन गड्ढों से मुुक्ति मिल जाएगी। लेकिन यह फोर लेन पूरा कब होगा, इसका जवाब अभी किसी के पास नहीं है। कई महीनों बाद बैराज रोड पर गड्ढे भर दिए गए। इससे यह भी अंदाजा लगाया जा रहा है कि अभी फिलहाल में फोरलेन का काम नहीं हो रहा है। एनएचएआई के मुताबिक बिजनौर जिले में घुसने से पहले रामराज में एक और मीरापुर में एक बाईपास बनाया जाना है। इनके बनने से कस्बे के जाम में फंसने की जरूरत नहीं होगी। इसके बाद बैराज पुल से करीब सौ मीटर दूर श्मशान घाट के आसपास एक नया पुल बनना है। अप्रोच रोड के माध्यम से वाहन इस पुल से होकर गुजरेंगे।
हालातों पर नजर डालें तो पिछले कई महीने से इन तीनों ही जगह के काम वन विभाग की एनओसी के इंतजार में रुके हुए हैं। वहीं वन विभाग लखनऊ स्तर से इसमें अनुमति देने का दावा कर रहा है। एनएच 119 के पीडी दिनेश चतुर्वेदी ने बताया कि वन विभाग की एनओसी मिलने के अन्य जगहों पर भी काम शुरू कराया जाएगा। अभी एनओसी नहीं मिली है। उम्मीद है कि जल्द एनओसी मिल जाएगी।
फिलहाल भरवा रहे गड्ढे
एनएच 119 के पीडी दिनेश चतुर्वेदी ने बताया कि बैराज रोड पर पिछले काफी समय से गड्ढों की शिकायत मिल रही थी। बैराजपुल से दोनों ओर काफी गड्ढे हो गए थे। बिजनौर की ओर अधिकांश गड्ढों को पक्का मैटेरियल लगवाकर भरवा दिया गया है। वहीं बैराज से दूसरी ओर भी तेजी से काम चल रहा है।
एनओसी का प्रपोजल भेजा जा रहा है: डीएफओ
डीएफओ बिजनौर एम सेम्मारन ने बताया कि बैराज से हमारी क्षेत्र में एनएच 119 होकर निकलेगा। उच्चाधिकारियों को इसकी एनओसी का प्रपोजल बनाकर भेजा जा रहा है।