बिजनौर में ब्लाक मौहम्मदपुर देवमल का निरीक्षण करते नोडल अधिकारी व मंडलायुक्त यशवंतराव।
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मूवमेंट रजिस्टर नहीं मिलने पर मंडलायुक्त खफा
बिजनौर। जिले के नोडल अधिकारी और मंडलायुक्त यशवंत राव ने डीएम रमाकांत पांडेय के साथ ब्लॉक मोहम्मदपुर देवमल का निरीक्षण किया। अभिलेखों में खामियां मिलने पर अधिकारियों और कर्मचारियों का फटकार लगाई।
ब्लाक कार्यालय पहुंचकर अभिलेखों की बारीकी से जांच की। 37 लाख के वित्तीय प्रकरण अधर में लटके मिलने तथा जेई व फील्ड कर्मचारियों का मूवमेंट रजिस्टर नहीं होने पर अधिकारियों और कर्मचारियों को फटकार लगाई। मनरेगा योजना के अभिलेखों में बैंक खातों की गड़बड़ी के कारण अनेक केस रिजेक्ट होने, प्रधानमंत्री आवास योजना की वित्तीय वर्ष 2016-17 व वर्ष 2017-18 की सूची नहीं मिलने तथा ग्राम विकास अधिकारी ढालगोपाल सिंह की सेवा पंजिका अधूरी मिलने पर नाराजगी जताई।
डीएम रमाकांत पांडेय ने दूसरी सेवा पंजिका में कर्मचारियों का अवकाश अंकित नहीं होने, आकस्मिक निरीक्षण पंजिका नहीं मिलने तथा निरीक्षण रिपोर्ट का फॉलोअप नहीं होने कड़ी नाराजगी जताई। विकास भवन में सभी बैंकों के ऋण वितरण शिविर में 150 लाभार्थियों को चार करोड़ से अधिक के ऋण वितरण किए। उन्होंने सभी बैंक अफसरों को स्वरोजगार को बढ़ावा देने वालों की सहायता को कहा। कोतवालीदेहात ब्लॉक के गांव अकबराबाद में कमिश्नर ने विकास कार्यों का भौतिक सत्यापन किया। कन्या सुमंगला योजना में केवल छह पंजीकरण मिलने पर उन्हें बढ़ाने को कहा। गांव वालों से बच्चों को स्कूल भेजने को कहा। सत्यापन में प्रधानमंत्री आवास योजना व नि:शुल्क बोरिंग योजना शून्य पाई गई। इस दौरान सीडीओ प्रवीण मिश्र, एसडीएम बृजेश कुमार सहित तमाम अधिकारी मौजूद रहे।