चांदपुर में पुलिस द्वारा पकड़े गए हर्ष वर्मा हत्याकांड के आरोपी। स्रोत पुलिस
चांदपुर। लड़की से स्नैपचेट प्लेटफार्म पर की गई बातचीत की चैटिंंग और वीडियो फोन से डिलीट नहीं करने पर हर्ष की हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए हत्याकांड का खुलासा किया है। वहीं आला कत्ल चापड़ भी बरामद किया है।
चांदपुर के मोहल्ला कायस्थान निवासी हर्ष वर्मा पुत्र राकेश वर्मा का शव शुक्रवार को गांव स्याऊ निवासी सेवानिवृत्त होमगार्ड लेखराज सिंह के मकान के भूसे वाले कमरे से बरामद हुआ था। मंगलवार को पुलिस ने हर्ष हत्याकांड के आरोपी गांव स्याऊ निवासी लवी उर्फ लवनीश को आला कत्ल चापड़ के साथ गिरफ्तार किया है। पुलिस ने पूछताछ के बाद मोहल्ला सरायरफी विवेकनगर निवासी भूपेंद्र व गांव इस्माइलपुर निवासी तुषार को भी पकड़ा है।
पुलिस पूछताछ में लवी उर्फ लवनीश ने बताया कि वह और हर्ष दोस्त थे। वह हर्ष के मोबाइल फोन से एक लड़की से स्नैपचेट से बात करता था, जिसकी कुछ वीडियो हर्ष के फोन में रिकॉर्ड थी। उसने कई बार हर्ष को वीडियो डिलीट करने के लिए कहा किंतु उसने वीडियो डिलीट नहीं की। 13 फरवरी को लवी अपने मुकदमे की तारीख पर चांदपुर कचहरी आया, उसने हर्ष को भी वहीं पर बुला लिया तथा कचहरी का काम निपटाकर हर्ष को शराब पिलाने के लिए अपने घर ले गया। पुलिस के अनुसार जहां पर लवी व हर्ष ने शराब पीने लगे। लवी के पिता लेखराज भी शराब पी रहे थे। थोड़ी देर बाद लवी के दोस्त आदित्य राठी व तुषार निवासी ग्राम इस्माईलपुर भी वहां आ गए।
इसी दौरान लवी ने हर्ष से फोन से अपनी वीडियो डिलीट करने को कहा तो हर्ष ने कहा कि उसका मोबाइल फोन खो गया है। जिस पर लवी ने पास में रखे चापड़ से हर्ष के सिर पर वार कर दिया, हर्ष वहीं घायल होकर गिर गया। आदित्य राठी ने डंडे से उसका गला दबाया और सिर तथा पैरों में डंडे मारे। हर्ष की मौत हो जाने पर तुषार व आदित्य भाग गए। लवी ने मोहल्ला सरायरफी निवासी अपने मामा भूपेंद्र को बुलाया। इसके बाद पिता लेखराज के साथ मिलकर हर्ष के शव को चादर में लपेटकर एक प्लास्टिक के कट्टे में रखकर घर में भूसे वाले कमरे में छिपा दिया, ताकि मौका मिलने पर शव को कही बाहर ठिकाने लगा दिया जाए।