बिजनौर में आजाद किसान यूनियन की अधिकारियों के साथ वार्ता में किसान बिलाई मिल का गन्ना डायवर्ट कराने पर अड़ गए। किसानों ने एक सप्ताह के भीतर गन्ना भुगतान न करने पर मिल की गन्ना सप्लाई बंद करने की मांग की। किसानों की मांगों पर एडीएम ने इस संबंध में डीसीओ को आदेश दिए हैं। एडीएम के आश्वासन पर किसानों का धरना समाप्त हो गया।
पिछले साल का बकाया भुगतान कराने के लिए आजाद किसान यूनियन द्वारा सोमवार से कलक्ट्रेट में धरना दिया जा रहा है। मंगलवार को प्रशासनिक अधिकारियों से किसानों की वार्ता विफल हो गई थी। बुधवार दोपहर को एडीएम वित्त एवं राजस्व अवधेश मिश्रा, डीसीओ यशपाल सिंह, बिलाई चीनी मिल के गन्ना महाप्रबंधक परोपकार सिंह, बिजनौर चीनी मिल के गन्ना प्रबंधक राहुल चौधरी व चांदपुर चीनी मिल के गन्ना प्रबंधक सुशील कुमार किसानों के बीच पहुंचे। बिजनौर व चांदपुर चीनी के अधिकारियों ने किसानों को एक सप्ताह के अंदर गन्ना भुगतान का आश्वासन दिया। बिलाई मिल के महाप्रबंधक परोपकार सिंह ने गन्ना भुगतान के लिए एक महीने का समय मांगा। इस पर किसान भड़क गए। कहा कि बिलाई मिल से भुगतान लेने के लिए किसानों को हर बार आंदोलन करना पड़ता है। किसानों बिलाई मिल का कुछ गन्ना अन्य मिलों को डायवर्ट कराने पर अड़ गए। साथ ही एक सप्ताह के अंदर भुगतान न किए जाने पर मिल को गन्ना आपूर्ति बंद कराने की मांग की। एडीएम ने किसानों की मांग पर कार्रवाई करने के लिए डीसीओ ओपी सिंह को निर्देश दिए। एडीएम द्वारा सभी मामलों में कार्रवाई के आश्वासन पर किसानों का धरना समाप्त हुआ। संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेंद्र सिंह, जिलाध्यक्ष विरेंद्र सिंह, एमपी सिंह, गिरिराज सिंह, हरपाल सिंह, सतेंद्र रवि, मूला सिंह, संजीव राठी, नीरू आदि रहे।