बिजनौर मे क्राइम ब्रांच व हीमपुरदीपा पुलिस ने पांच दिन पहले हुए ई-रिक्शा चालक नीरज गिरि के मर्डर का खुलासा कर दिया है। गांव ढ़ेली गुर्जर निवासी ओमपाल ने अपने भाई व भतीजे को फंसाने के लिए नीरज का मर्डर किया था। पुलिस ने ओमपाल को दबोचकर यह खुलासा किया है।
एसपी अजय साहनी के मुताबिक, हल्दौर निवासी नीरज गिरि ई-रिक्शा चलाता था। 18 मार्च को हल्दौर रेलवे स्टेशन से वह सवारी लेकर हीमपुर क्षेत्र के गांव ढ़ेली गुर्जर गया था। वहां उसकी सूजे से गोदकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने गांव ढ़ेली गुर्जर के ओमपाल को गिरफ्तार करके पूछताछ की तो उसने जुर्म कबूल कर लिया। ओमपाल ने पुलिस को बताया कि उसकी सगे भाई रामबहादुर व भतीजे पुष्पेंद्र से रंजिश चल रही थी। वह इन्हें फंसाने के लिए योजना बना रहा था।
ओमपाल ने अपनी भाभी का फोटो, आईडी कार्ड व भतीजे के नाम का लॉकेट तैयार करा लिया। घटना के दिन सुबह वह हल्दौर गया। वहां शरीर से कमजोर किसी रिक्शावाले की तलाश शुरू की। कुछ समय बाद उसे नीरज मिल गया। ढ़ेली गुर्जर छोड़ने के लिए उसने नीरज को 100 रुपये में तय किया।
अम्हेड़ा के होटल पर दोनों ने शराब पी व खाना खाया। गांव से पहले एकांत स्थान देखकर ओमपाल ने सूजे से नीरज के शरीर पर ताबड़तोड़ हमले करके उसकी हत्या कर दी। भाभी का फोटो, आईडी कार्ड व भतीजे के नाम का लॉकेट मौके पर डालकर वह चला गया। एसपी ने केस का खुलासा करने वाली टीम को पांच हजार रुपये का इनाम देने की घोषणा की है।