ओएमआर शीट भरने में किया गया बदलाव
बिजनौर। सीबीएसई ने 10वीं तथा 12वीं की टर्म-1 की परीक्षा में ओएमआर शीट भरने में बदलाव किया है। बोर्ड ने बदलाव का फैसला उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में आ रही समस्या को देखते हुए किया है। साथ ही अब छात्र द्वारा ओएमआर शीट को गलत भरने के लिए कक्ष निरीक्षक तथा पर्यवेक्षक जिम्मेदार होंगे।
सीबीएसई की जिला कोआर्डिनेटर डॉ. सीमा विश्वास ने बताया कि छात्र को ओएमआर शीट पर हर सवाल के चार राउंड में से सही जवाब लगने वाला एक राउंड को डार्क करना होता है। राउंड में सवाल के पार्ट अंग्रेजी के स्माल लेटर में लिखे हैं। चार राउंड के बाद एक बाक्स है। छात्र को बाक्स में जो राउंड डार्क किया है उसका लेटर भरना है।
बताया कि छात्र बाक्स में डार्क किए गए राउंड का शब्द स्माल लेटर में लिख रहे थे। स्माल लेटर पढ़ने में स्पष्ट नहीं थे। जिससे परीक्षक को उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन में परेशानी हो रही थी। साथ ही छात्रों का नुकसान होने की संभावना रहती थी। मामला बोर्ड के अधिकारियों तक पहुंचा, इसलिए बोर्ड ने ओएमआर शीट भरने में बदलाव का फैसला लिया है। बताया कि बदलाव के निर्देश सोमवार की रात ही प्राप्त हुए हैं।
अब कैपिटल लेकर में भरना होगा बाक्स
डॉ सीमा विश्वास ने बताया कि नयी व्यवस्था के अनुसार छात्र को सवाल में सही जवाब लगने वाला राउंड पहले की तरह ही डार्क करना है। परंतु चार राउंड के बाद बना बाक्स में डार्क किए गए राउंड का वर्ड कैपिटल लेकर में ही लिखना है। इसमें कोई गलती नहीं करनी है। जिले में सीबीएसई के 110 विद्यालय है। करीब 50000 छात्र दसवीं व बारहवीं की परीक्षा दे रहे हैं। विद्यालय भी छात्रों को नयी व्यवस्था की जानकारी दे।
कक्ष निरीक्षक व पर्यवेक्षक होंगे जिम्मेदार
जिला कोआर्डिनेटर ने बताया कि बोर्ड के निर्देश के अनुसार यदि छात्र परीक्षा में बाक्स में लेटर कैपिटल में नहीं भर रहा है , तो कक्ष निरीक्षक को सही कराना होगा। छात्र की ओएमआर शीट पर गलती न हो यह देखने की जिम्मेदारी पर्यवेक्षक की भी होगी। बताया यदि फिर भी गलती सामने आती हैं तो कक्ष निरीक्षक व पर्यवेक्षक दोनों जिम्मेदार होंगे।