त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में विभिन्न पदों को लेकर चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों और उनके समर्थकों में एक दूसरे के खिलाफ जमकर वाक युद्ध शुरू हो गया है। एक दूसरे प्रत्याशी के खिलाफ प्रत्याशी और समर्थक आरोप प्रत्यारोप लगाकर वोटरों को अपने पक्ष में करने की जुगत में लगे हैं। मतदाताओं को कई दशक पुरानी रंजिशों व विवादों को ताजा कर समाज के सामने रखकर वोटों की पेशकश कर रहे हैं।
जनपद बिजनौर में 19 अप्रैल को सुबह सात बजे से शाम छह बजे तक मतदान होना है। 11 अप्रैल को चुनाव चिन्हों का आवंटन हो चुका है। उम्मीदवार चुनाव चिन्ह पाते ही समर्थकों के साथ प्रत्याशी मैदान में डट गए हैं। हर प्रकार का हथकंडा अपनाने का प्रयास किया जा रहा है।
कहीं जुबानी युद्ध चल रहा है। तो कहीं दावतें उड़ रही हैं। अधिकांश लोग चुनाव आचार संहिता और कोरोना की गाइडलाइन का पालन नहीं कर रहे हैं।
आरोप है कि प्रत्याशियों ने अपने प्रतिद्वंद्वी की कुंडली खंगाल कर मतदाताओं के सामने रखनी शुरू कर दी है और हर तरीके से प्रतिद्वंद्वी को बुरा एवं गलत साबित करने का प्रयास कर रहे हैं। जिससे मतदाता प्रतिद्वंद्वी से छिटक कर उसके पक्ष में आ सकें। जिससे कई जगह विवाद की स्थिति भी बन गई।
यहां तक कि एक प्रत्याशी की शिकायत पर धामपुर पुलिस कोतवाली में दो दिन पहले गांव रामठेरा निवासी जिला पंचायत सदस्य महक जावेद के खिलाफ चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करने और कोरोना काल में सरकार की गाइडलाइन का पालन न करने की प्रत्याशी सहित तीन लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट कराई है। जबकि संबंधित प्रत्याशी इसे पुलिस की पक्षपातपूर्ण कार्रवाई बता अन्याय बता रहे हैं। आरोप है कि अधिकारी जानबूझकर ऐसे प्रत्याशी को परेशान कर रहे हैं।