शोरूम के मैनेजर पुष्पेंद्र ने बताया कि अलार्म बजते ही उन्होंने ग्राहकों को बाहर निकालना शुरू किया। पहली मंजिल पर जो ग्राहक थे, उनमें से दो लोग ट्रायल रूम में कपड़े पहनकर देखने में व्यस्त थे। बताया गया कि इन ग्राहकों को जबरन खींच कर बाहर लाया गया।
बताया गया कि बाहर लाए गए ग्राहकों को आग लगने का विश्वास ही नहीं हो रहा था। जब तक सभी कस्टमर को बाहर निकाला गया तब तक शोरूम में धुआं ही धुआं हो गया था। सभी की सांसें उस वक्त अटक गईं जब 10 से 12 लोगों का स्टाफ शोरूम के मुख्य गेट से बाहर ही नहीं निकल पा रहा था।
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नीचे की ओर धुआं अधिक होने की वजह से स्टाफ दौड़कर पहली मंजिल पर पहुंचा और इमरजेंसी एग्जिट गेट से स्टाफ को बाहर निकला। अभी तक आग को बुझाने का प्रयास किया गया। दमकल कर्मी भी धुआं होने की वजह से शोरूम के अंदर नहीं जा पा रहे थे।
बाहर से ही पानी की बौछार कर बुझाने का प्रयास किया गया। शोरूम के मुख्य गेट के आसपास सभी शीशों को तोड़ दिया गया। दमकल कर्मियों ने कई घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।वहीं आग से करोड़ों के नुकसान का आकलन किया जा रहा है।