वहीं, गुलदार के पिंजरे में कैद होने की सूचना ग्रामीणों ने वन विभाग को दी। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने पिंजरे में कैद गुलदार के बच्चे को देखा। इसके बाद वन विभाग की टीम पिंजरे को ले जाने लगी, तभी ग्रामीणों ने पिंजरे को ले जाने का विरोध कर दिया।
उधर, गन्ने के खेत की मालिक नसीमा पत्नी वाहिद की गन्ने की फसल लोगों के चलने से बर्बाद हो गई। वह मुआवजे की मांग कर रही है।
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