पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक अनुपम शर्मा ने 13 जनवरी को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से बनारस-प्रयागराज रेल खंड पर निर्माणाधीन परियोजनाओं की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने प्रस्तावित निर्माण कार्य समयसीमा में पूरा नहीं होने और यात्री सुविधाओं में बरती जा रही लापरवाही पर अधिकारियों से नाराजगी जताई। उन्होंने स्टेशनों और हाल्टों के प्लेटफार्म नंबर एक पर यात्री सुविधाओं की कमी के मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए तकनीकी टीम को एक सप्ताह में रिपोर्ट मांग लिया है।
बनारस-प्रयागराज रेल खंड पर चल रही अनारक्षित ट्रेनों से यात्रा करने वाले यात्रियों ने कमियों की शिकायत महाप्रबंधक से की थी। यात्रियों ने वाराणसी डिविजन के तहत आने वाले इस रेल खंड पर दोहरीकरण, विद्युतीकरण का कार्य तीसरे चरण तक पूरा होने के बावजूद यात्रियों को मिलने वाली सुविधाओं को लेकर अधिकारियों के सक्रिय नहीं होने का आरोप लगाया था। 14 से 31 जनवरी तक के लिए संगम तट पर पूरे एक माह तक चलने वाले माघ मेले में कल्पवासियों को पहुंचाने के लिए चार जोड़ी माघ मेला स्पेशल ट्रेनों का संचालन भी शुरू करा दिया गया, लेकिन जंगीगंज स्टेशन, सरायजगदीश, अलमऊ हाल्ट पर न यात्री शेड का पूर्ण निर्माण हो सका है और न बैठने, पेयजल, साफ-सफाई की व्यवस्था की जा सकी है। पैदल पुल को बनाने के कार्य लगभग दो वर्ष से लटके हैं। ऐसी स्थिति में यात्री खुले आसमान के नीचे खड़े होकर ही ट्रेन का इंतजार करते हैं। प्यास बुझाने के लिए बोतल बंद पानी खरीदते हैं। दोनों प्लेटफार्म पार करने के लिए यात्री जान हथेली पर रखकर ट्रैक से गुजरने के लिए विवश होते रहते हैं। यात्री निर्भय सिंह, सुशील कुमार, आनंद सिंह, आरती देवी आदि ने महाप्रबंधक की नाराजगी को समय की मांग बताते हुए यात्री सुविधाओं में सुधार की उम्मीद जताई है। मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने बताया कि शिकायतें सामने आने पर वाराणसी डिविजन में तैनात तकनीकी टीम से निरीक्षण रिपोर्ट मांगी गई है।