जिलाधिकारी आर्यका अखौरी की अध्यक्षता में शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा बैठक हुई। इसमें संपूर्ण समाधान दिवस, आईजीआरएस और जन शिकायतों के निस्तारण की प्रगति देखी गई। शिकायतें डिफाल्टर होने पर एक्सईएन जल निगम सहित पांच अफसरों को डीएम ने कड़ी फटकार लगाई।
जिलाधिकारी ने शिकायत संदर्भों की मासिक प्राप्ति, संदर्भों की मार्किग/अग्रसारण में लगे औसत दिवस, डिफाल्टर संदर्भ, आवेदक की ओर से निस्तारण पर दिए फीडबैक की स्थिति, स्वयं के स्तर पर निस्तारित/अग्रसारित, संदर्भों के सापेक्ष सी श्रेणी प्राप्त संदर्भ, मुख्यमंत्री कार्यालय से सी श्रेणीकृत संदर्भ आदि बिंदुओं के निस्तारण पर बल दिया। शिकायतों का सही समय पर निस्तारण न करने के कारण डिफाल्टर श्रेणी में आए जिला पूर्ति अधिकारी, तहसीलदार ज्ञानपुर, औराई, खंड विकास अधिकारी अभोली, अधिशासी अभियंता जल निगम को कड़ी फटकार लगाई।
इसी तरह शिकायत निस्तारण में सी श्रेणी रहने पर पुलिस, डीपीआरओ, मुख्य चिकित्साधिकारी, तहसीलदार ज्ञानपुर के खिलाफ भी नाराजगी जताई। उन्होंने सभी विभागाध्यक्षों से गुणवत्तापूर्ण एवं ससमय शिकायतों के निस्तारण का निर्देश दिया। समाधान दिवस और संपूर्ण समाधान दिवस पर जमीन व राजस्व से संबंधित प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में कम से कम सब-इंस्पेक्टर, कानूनगो के साथ तीन लेखपाल अवश्य जाए। पब्लिक डीलिंग वाले विभागाध्यक्ष शिकायतों के निस्तारण में भी आईजीआरएस की टीम बनाकर निस्तारण करना सुनिश्चित करें। इस मौके पर एडीएम शैलेंद्र मिश्र, सीडीओ भानु प्रताप सिंह आदि रहे।