केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री उज्जवला गैस योजना में भी भ्रष्टाचार थम नहीं रहा है। अभोली के एक एजेंसी पर सुविधा शुल्क लेने का वीडियो वायरल होने पर कर्मचारियों को हटा दिया गया। मामले में संबंधित एजेंसी के खिलाफ भी कार्रवाई की संस्तुति की गई है।
अभोली ब्लॉक क्षेत्र के एक ग्रामीण वितरण के यहां लाभार्थी से सुविधा शुल्क मांगने का मामला सामने आया। वायरल वीडियो में एजेंसी का एक कर्मचारी कागजात बनाने के एवज में डेढ़ हजार की मांग कर रहा है। लाभार्थी के पास एक हजार होने पर उसे लेकर 500 भविष्य में देने की बात कही जा रही है। पूर्व में कई लाभार्थियों से सुविधा शुल्क ली जा चुकी है। यह कारोबार कई एजेंसियों पर चलता है, लेकिन पूर्ति विभाग के निरीक्षक से लेकर इंडियन आयल के स्थानीय अधिकारी खानापूर्ति करते हैं, हालांकि यह प्रकरण उच्च स्तर पर पहुंचने से धांधली करने वालों पर शिकंजा कस गया है। इंडियन आयल के क्षेत्रीय प्रबंधक गुफरान हसीब ने कहा कि मामला संज्ञान में आने पर जांच कराई गई। दोषी कर्मचारियों को हटाकर लाभार्थियों का पैसा वापस कराया गया। संबंधित एजेंसी के खिलाफ इंडियन आयल को पत्र लिखा गया है।