ज्ञानपुर। जिले में इस साल सात हेक्टेयर में मिर्च और मसालों की खेती होगी। इसका प्रयोग सफल होता देख इसका रकबा पिछले साल से एक हेक्टेयर बढ़ा दिया गया। जिले के अधिकांश किसान परंपरागत खेती को छोड़ कर आधुनिक खेती की ओर कदम बढ़ा चुके हैं। शासन स्तर से इस साल सात हेक्टेयर में मसाला, मिर्च के खेती करने का लक्ष्य उद्यान विभाग को मिला है। पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर किसानों का चयन किया जाएगा। प्रति हेक्टेयर मिर्च की खेती पर करीब 30 हजार रुपये की लागत आती है। इसमें से 21 हजार रुपये किसान को 90 फीसदी अनुदान के रूप में मिलेगा। मिर्च की खेती कर किसान अच्छी आमदनी कर सकते हैं। अनुसूचित जाति जनजाति औद्यानिक विकास योजना के तहत जिले में सात हेक्टेयर में मसालों और मिर्च की खेती की जाएगी। जिला उद्यान अधिकारी ममता सिंह यादव ने बताया कि शासन स्तर से मसाला, मिर्च की खेती करने का लक्ष्य निर्धारित कर दिया गया है। गर्मी के दिनों तापमान अधिक होने के कारण मिर्च की खेती पर देखरेख अधिक करना पड़ता है। पंजीकृत होने वाले किसानों को 90 फीसदी अनुदान मिलेगा।
कोट
मिर्च की खेती कम लागत में ज्यादा मुनाफा देती है। लेकिन फसल की देख-रेख बहुत करनी पड़ती है। हर साल पांच बिस्वे में मिर्च की खेती करता हूं। इससे ठीक-ठाक फायदा मिलता है।
सुभाष दुबे, किसान, भिडिऊरा गांव