लापता जिला पंचायत सदस्य व उसके बेटे की फोटो
पैकोलिया। थाना क्षेत्र के औरातोंदा गांव निवासी तथा वर्तमान जिला पंचायत सदस्य हर्रैया द्वितीय जवाहरलाल पुत्र बद्री और उनके पुत्र दिवाकर विक्रम के लापता हो जाने का मामला प्रकाश में आया है। इसके साथ ही एक सुसाइड नोट मिलने से हड़कंप मच गया है। इसमे आत्महत्या किए जाने की बात कही गई है। पुलिस ने जिला पंचायत सदस्य के पुत्र दिलीप कुमार की तहरीर पर गुमशुदगी का मामला दर्ज किया है।
जवाहर के दूसरे बेटे दिलीप कुमार ने बताया कि मंगलवार की शाम करीब पांच बजे पिता जवाहरलाल और भाई दिवाकर विक्रम परिवार वालों को बिना बताए कहीं लापता हो गए हैं। काफी खोजबीन की गई फिर भी कहीं पता नहीं चला। जवाहरलाल करीब 10 वर्षों से मुलायम गंज तिराहे पर एक सीएसपी का संचालन करते हैं जो कि एसबीआई से संबद्ध बताया जा रहा है।
खोजबीन में घर वालों को एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है। जिसमें वित्तीय अनियमितता और ब्याज पर लेन-देन के मामले से आजिज आकर आत्महत्या जैसा कदम उठा लेने का प्रकरण सामने आ रहा है। सुसाइड नोट में यह भी लिखा है कि बैकिंग अनियमितता लेन-देन में गड़बड़ी होने व धमकियों से आजिज होकर बिना किसी को बताए घर से भागकर आत्महत्या करने पर मजबूर होना पड़ रहा है।
जवाहर लाल ने सुसाइड नोट में लिखा है कि इस बैंकिंग प्रकरण में मेरे किसी परिवार व सीएसपी में कार्य कर रहे किसी को कुछ पता नहीं है। मैं जवाहरलाल पिछले तीन सालों से करीब दस लोगों से मजबूरी में ब्याज पर पैसा लिया हूं। जो कि रकम 50 लाख के ऊपर हो गया है। इसमें बेटे दिवाकर को जबरन इस तरह के कार्य करने को मजबूर करता था।
इन सारी गड़बड़ी में स्वयं मेरा ही हाथ है। मैं अपने फर्जी चेक पर तमाम ग्राहकों का फिक्स डिपाजिट किया हूं। इसलिए भागकर हम दोनों आत्महत्या करने पर मजबूर हैं। सुसाइड नोट मिलने पर परिवार में हड़कंप मच गया है।
प्रभारी निरीक्षक कृष्ण कुमार साहू ने बताया है पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर लिया है हालांकि एक सुसाइड नोट बरामद हुआ है। दोनों की तलाश की जा रही है और मामले की छानबीन शुरू कर दी गई है।