असाध्य बीमारियों के नाम पर ऑनलाइन ठगी
- पुलिस के पास आ चुके कई मामले, एक मुकदमा दर्ज
- टोल फ्री नंबर के जरिए कर रहे लोगों से ठगी
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। ऑनलाइन धोखाधड़ी करने वाले रोज नए-नए तरीके निकालकर लोगों की रकम लूट रहे हैं। अब असाध्य बीमारियों को ठीक करने के नाम पर ऑनलाइन ठगी की जा रही है। विभिन्न तरीकों से लोगों को पहले लुभावने तरीके से समझाते हैं और उनसे ऑनलाइन दवा भेजने का झांसा देते हैं। रुपये मंगाने के बाद न तो दवा आती है और न ही उनसे दोबारा संपर्क हो पाता है। एक महीने में ऐसे कई मामले सामने आ चुके हैं। ऐसे ही एक मामले में कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है। एसपी आशीष श्रीवास्तव का कहना है कि लोगों को इस तरह के प्रचार के जाल में नहीं फंसना चाहिए। खासकर लेनदेन करते समय सावधानी बरतनी चाहिए।
केस एक
शहर के मालवीय रोड निवासी व्यवसायी अशोक सिंह का कहना है कि एक धार्मिक चैनल पर उनसे संबंधित बीमारी ठीक करने का लगातार प्रचार देख रहे थे। उस पर भरोसा करके बीमारी का इलाज कराने के लिए दिए गए फोन नंबर पर किसी पंकज सिंह भदौरिया नाम के व्यक्ति से संपर्क किया। आरोप है कि उस शख्स ने उनकी बीमारी के इलाज व दवा के लिए अपने खाते में कई बार में कुल 1.44 लाख रुपया मंगवाया लेकिन फिर भी उन्हें दवा नहीं भेजा। कुछ दिन बीतने के बाद फोन उठाना भी बंद कर दिया और धोखाधड़ी कर रुपये हड़प लिया। पुलिस ने इस मामले में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
केस दो
मुंडेरवा के त्रियुगी गठिया रोग के बारे में एक चैनल पर कई महीने से विज्ञापन देख रहे थे। 6,999 रुपये में एक महीने की दवा बताया गया। एक टोल फ्री नंबर भी टीवी पर आ रहा था जिस पर कॉल करने पर कहा गया कि तीन महीने का कोर्स पूरा करने के बाद रोग जड़ से खत्म हो जाएगा। तीनों महीने की दवा एक साथ मंगाने पर स्कीम देने की बात कही गई। जिसमें 15 हजार रुपये मांगा गया। पुलिस को दिए तहरीर में त्रियुगी ने बताया कि उनकी बातों में आकर बताए गए एकाउंट नंबर में उसने 15 हजार रुपये जमा करा दिया। जिसके बाद कोई जवाब नहीं मिला।