ओमिक्रॉन पर सतर्कता, जांच पर रहेगा जोर
जांच के लिए निजी स्कूल-कॉलेज में भी विद्यार्थियों के लिए जाएंगे नमूने
माइक्रो प्लान तैयार, सरकारी व निजी संस्थानों के हेल्थ केयर वर्कर की भी होगी जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। कोरोना के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन के देश में पहुंचने की खबर से स्वास्थ्य महकमा चौकन्ना हो गया है। शासन ने इसके लिए सतर्कता बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। सैंपलिंग की योजना को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इसमें मेडिकल कॉलेज, डिग्री कॉलेज, निजी व सरकारी विद्यालयों में नमूने एकत्र कर जांच कराने की तैयारी है। इसे अमली जामा पहनाने के लिए टीम तैयार की जा रही है। एंटीजन व आरटीपीसीआर जांच की जाएगी।
ओमिक्रॉन का खतरा लोगों को सताने लगा है। प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग लोगों को सतर्कता के साथ रहने की सलाह दी है। अब स्वास्थ्य विभाग ने आम लोगों को कोरोना के नए वैरिएंट के खौफ से बचाने के लिए जांच व तैयारी का खाका खींचा है। इसके तहत निजी व सरकारी प्राथमिक, उच्च प्राथमिक व डिग्री कॉलेज में बच्चों व स्टाफ के नमूने लेकर जांच की जाएगी। निजी व सरकारी हेल्थ केयर वर्कर्स, जो मरीजों के सीधे संपर्क में आते हैं, उनके भी नमूनों का एंटीजन व आरटीपीसीआर टेस्ट कराया जाएगा। यही नहीं, तैयारियों का प्रदर्शन करने के लिए 17, 18 और 19 दिसंबर को जिले के सभी कोविड कमांड सेंटरों पर मॉकड्रिल होगी। इसमें संसाधनों के भरपूर उपयोग की विधि भी बताई जाएगी।
एसीएमओ डॉ. फखरेयार हुसैन ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि ओमिक्रॉन नाम के इस नए वैरिएंट से खुद को सुरक्षित रखने के लिए स्वयं प्रयास करें। स्वास्थ्य विभाग पूरी तरह इससे निपटने के लिए तैयार है। संसाधनों की कहीं कोई कमी नहीं है। विभाग पर विश्वास बढ़े, इसके लिए 17 से 19 दिसंबर तक विभिन्न कोविड अस्पतालों व कमांड सेंटरों पर माकड्रिल होगी। कहा कि फिलहाल सतर्कता जरूरी है। मास्क जरूर पहनें, भीड़भाड़ से बचें, संभव हो तो हाथ भी धुलते रहें।