फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

बफर गोदाम में 800 एमटी डीएपी, फिर भी जिले में किल्लत

विज्ञापन
सूना पड़ा साधन सहकारी समिति गायघाट। - फोटो : BASTI
विज्ञापन
बफर गोदाम में 800 एमटी डीएपी, फिर भी जिले में किल्लत
विज्ञापन

वितरण खामियों के चलते प्रभावित हो रही गेहूं की बुआई
बस्ती। जिले में किसान डीएपी की किल्लत से जूझ रहे हैं। जबकि रिजर्व स्टॉक में करीब 800 मीट्रिक टन यानी 16000 हजार बोरी डीएपी पीसीएफ के बफर गोदाम में रखी है। वितरण व्यवस्था की खामियों के चलते गेहूं की फसल की बुआई प्रभावित हो रही है। डीएपी वितरण व्यवस्था के जिम्मेदार किसानों की समस्याओं का संज्ञान नहीं ले रहे हैं।
दुबौलिया प्रतिनिधि के अनुसार विशेषरगंज, सूदीपुर व भरुकहवा साधन सहकारी समितियों पर डीएपी का वितरण बृहस्पतिवार को किया गया। सचिव केपी सिंह ने बताया की 400 बोरी डीएपी आई थी, जो किसानों में वितरित कर दी गई। बैरागल व पारा समिति के सचिव संजीव सिंह ने बताया की जीएसटी नंबर कैंसिल होने के कारण डीएपी नहीं मिल पा रही है। सल्टौआ प्रतिनिधि के अनुसार पचानू समिति पर 80 किसानों में 280 बोरी डीएपी का वितरण बृहस्पतिवार को किया गया। एडीओ को-ऑपरेटिव मृत्युंजय सिंह ने बताया कि साधन सहकारी समिति भिरिया, सल्टौआ, पिपराजप्ती, कोठिला, पड़री में भी डीएपी का वितरण कराया गया।
विज्ञापन

कप्तानगंज प्रतिनिधि के अनुसार कस्बे में स्थित समिति बंद मिली। समिति परिसर में पीओएस मशीन खराब की नोटिस चस्पा थी। सचिव विजय भान पांडेय ने बताया कि वितरण मशीन खराब हो गई है। दुबौला प्रतिनिधि के अनुसार हरदी स्थित समिति के सचिव ने बताया कि एक ट्रक डीएपी मिली थी। अब खाद नहीं है। पैकोलिया प्रतिनिधि के अनुसार कठौतियां सांवडीह व सेमरा समिति से बुधवार को डीएपी समाप्त हो गई। सचिव सुभाष सिंह ने बताया कि डिमांड भेजी गई है।
भीटी मिश्र स्थित पीसीएफ के प्रभारी बृजेंद्र कुमार पासवान ने बताया कि डीएपी उपलब्ध है। रुधौली समिति सचिव के विपिन कुमार ने बताया कि 1600 बोरी डीएपी वितरित की जा चुकी है। बनकटी प्रतिनिधि के अनुसार बुधवार को महथा सजहरा, खोरिया बसौढ़ी समिति को डीएपी मिली जो बृहस्पतिवार दिन में 12 बजे तक समाप्त हो गई। किसान शिवशंकर, सियाराम आदि ने बताया कि डीएपी न मिलने से बुआई पिछड़ रही है।
मिनटों में समाप्त हो रही डीएपी
गायघाट प्रतिनिधि के अनुसार साधन सहकारी समिति गायघाट, बैडारी व चरकैला के अलावा कुदरहा ब्लॉक क्षेत्र के ज्यादातर समितियों पर ताला लगा हुुआ है। यदि किसी समिति पर डीएपी पहुंची तो कुछ मिनट में ही समाप्त हो जा रही है। किसान सुखराम चौरसिया, कुलभूषण द्विवेदी आदि ने बताया कि बाजार में डीएपी नहीं मिल रही है। अब तक साधन सहकारी समिति बैडारी और चरकैला में चालू सीजन में डीएपी नहीं पहुंची। गायघाट के सचिव राजकुमार पाल ने बताया कि तीन दिन पहले पीसीएफ पैड़ा कार्यालय में रुपये जमा किया हूं। अब तक डीएपी नहीं मिली।
विज्ञापन

डीएपी की आपूर्ति में ट्रांसपोर्ट समस्या
डीएपी न मिलना खेती में मुसीबत बन रहा है। जिले में 107 साधन सहकारी समितियां हैं। इनमें 97 सक्रिय हैं। इन समितियों पर उर्वरक आपूर्ति के लिए 10 ट्रक हैं। ऐसे में जिले में पर्याप्त मात्रा में डीएपी होने के बावजूद किल्लत की समस्या बनी हुई है। एआर को-ऑपरेटिव प्रेमचंद्र प्रजापति ने बताया कि ट्रांसपोर्ट की समस्या आ रही है। प्रतिदिन करीब 70 समितियों को डीएपी भेजी जा रही है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें