मंगलवार की रात करीब साढ़े नौ बजे रोडवेज बस अड्डे के पास पुलिस लाइन जाने वाले रास्ते के मोड़ पर एक बुजुर्ग सड़क किनारे लेटे हुए थे। तभी एक महिला आई और अपनी आठ महीने की बच्ची को लिटाकर बोली कि वह पानी पीकर आ रही है। इसके बाद वह काफी देर तक नहीं लौटी। बच्ची के रोने पर आसपास के लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई। लोगों ने डायल-112 पर सूचना दी। पुलिस मौके पर पहुंची।
इस बीच इंस्पेक्टर सदर रवींद्र सिंह भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने चाइल्ड लाइन की टीम के को-ऑर्डिनेटर विनय शर्मा को बुला लिया। टीम ने बच्ची को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया। इस बीच पुलिस ने आसपास के कैमरे चेक किए, जिसमें महिला का चेहरा साफ नजर नहीं आया। दूसरे दिन भी किसी महिला ने बच्ची को लेकर थाने में संपर्क नहीं साधा है। इंस्पेक्टर ने बताया कि बच्ची को राजकीय शिशु गृह भेजा जाएगा।
यह बोले अधिकारी
बच्ची को बाल कल्याण समिति के सामने पेश किया जाएगा। समिति के आदेश पर जिला प्रोबेशन अधिकारी की निगरानी में बच्ची को शिशु गृह में भेजा जाएगा। -विनय शर्मा, को-ऑर्डिनेटर चाइल्डलाइन