अब शहर में नजर नहीं आएंगी लटकती, झूलती जर्जर बिजली लाइनें
बरेली। शहर में झूलते-लटकते बिजली के जर्जर तार से जल्द निजात मिलेगी। आंधी-बारिश से अब बिजली आपूर्ति भी बाधित नहीं होगी। स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत शहर में सभी बिजली लाइनें भूमिगत की जाएंगी। इसके लिए बिजली निगम ने सर्वे शुरू करा दिया है। जल्द ही प्रस्ताव स्मार्ट सिटी कंपनी को सौंप दिया जाएगा।
शहर में जगह-जगह बिजली लाइनों के लटकते तार मुसीबत बने हुए हैं। लंबे समय से इन्हें बदलने की मांग की जा रही है। इसे देखते हुए बीते दिनों स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत लाइनें अंडरग्राउंड करने पर सहमति बनी। इसके लिए बिजली निगम की ओर से प्रस्ताव तैयार कराया जाना है। प्रस्ताव तैयार करने से पहले सर्वे करने के लिए बृहस्पतिवार को शहरी क्षेत्र के अधीक्षण अभियंता विकास सिंघल के नेतृत्व में बिजली निगम की टीम ने शहर का सर्वे किया। इस दौरान उन्होंने श्यामगंज से गांधी उद्यान, चौकी चौराहा, पटेल चौक, बरेली कॉलेज से चौपुला तक बिजली लाइनों का सर्वे किया। बिजली लाइनें अंडरग्राउंड करने पर आने वाले व्यय का भी आकलन किया गया।
अधीक्षण अभियंता विकास सिंघल ने जल्द प्रस्ताव तैयार कराने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया बिजली लाइनें अंडरग्राउंड होने से बार-बार तार टूटने की घटनाओं से मुक्ति मिलेगी। फाल्ट में कमी आने से उपभोक्ताओं को बेहतर बिजली आपूर्ति देने में मदद मिलेगी। लाइनें अंडरग्राउंड होने से तार टूटने से होने वाले हादसों से भी बचाव हो सकेगा। सर्वे के दौरान शहरी क्षेत्र के एक्सईएन राजेश कुमार शर्मा और उपखंड अधिकारी कुतुबखाना गौरव शर्मा भी मौजूद रहे।
पहले चरण में श्यामगंज से चौपुला तक अंडरग्राउंड होंगे तार
शहर की बिजली लाइनें अंडरग्राउंड करने का काम कई चरण में चलेगा। पहले चरण में श्यामगंज से चौपुला तक की लाइनें अंडरग्राउंड की जाएंगी। इसके लिए एक महीने में बिजली निगम की ओर से प्रस्ताव तैयार कराकर स्मार्ट सिटी को सौंप दिया जाएगा।